चंडीगढ़। राइट ऑफ पर्सन विद डिसेबिलिटी एक्ट के अनुसार ग्रुप ए, बी, सी, डी कर्मचारियों के लिए पदोन्नति में आरक्षण की मांग को लेकर दाखिल याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार सहित अन्य को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। पंजाब दिव्यांग कर्मचारी संघ ने जनहित याचिका दाखिल करते हुए हाईकोर्ट को बताया कि राइट ऑफ पर्सन विद डिसेबिलिटी अधिनियम, 2016 के प्रावधानों को पंजाब में लागू नहीं किया जा रहा है। 2016 के इस अधिनियम की धारा 79 के अनुसार राज्य में लंबे समय से दिव्यांग आयुक्त की नियमित नियुक्ति नहीं हुई है। अधिनियम की धारा 23 के तहत प्रत्येक सरकारी कार्यालय में शिकायत निवारण अधिकारी की नियुक्ति भी नहीं की गई है।
याचिका में कहा गया है कि दिव्यांग व्यक्तियों के लिए चार प्रतिशत आरक्षण को लेकर सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दिए गए निर्णय का सभी विभागों द्वारा समान रूप से पालन नहीं किया जा रहा है। बताया गया कि पंजाब लोक सेवा आयोग ने वर्ष 2022 में पंजीकृत कर्मचारियों से पीसीएस रजिस्टर ए-2 के 21 पदों की भर्ती के संबंध में विज्ञापन जारी किया गया था। इसमें दिव्यांगों को उचित आरक्षण नहीं दिया गया, लेकिन हरियाणा सरकार ने इस पद के लिए दिव्यांग उम्मीदवार के लिए एक पद आरक्षित किया था।