चंडीगढ़। हरियाणा महिला एवं बाल विकास विभाग ने घर से 200 किलोमीटर दूर ट्रांसफर की गईं आईसीडीएस सुपरवाइजर को कार्यमुक्त करने पर रोक लगा दी है। मंगलवार को जारी की गई तबादला सूची में अनेक खामियां मिलने पर विभाग की निदेशक ने यह कदम उठाया है।
सैकड़ों सुपरवाइजर ने तबादलों के लिए 50 से ज्यादा स्टेशन का विकल्प भरा था, बावजूद इसके उन्हें मनपसंद स्टेशन नहीं मिला। सैकड़ों पदों को सुरक्षित श्रेणी में रख दिया गया है। खाली पदों के विरुद्ध भी तबादले नहीं हुए हैं। अनेक सुपरवाइजर को एनिव्हेयर यानी कहीं भी श्रेणी के तहत दूरदराज भेज दिया है। इस कारण आईसीडीएस सुपरवाइजर में आक्रोश है। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के प्रदेशाध्यक्ष सुभाष लांबा ने भारी अनियमितताओं के साथ किए आनलाइन तबादलों पर पूरी तरह रोक लगाने की मांग की है।
वीरवार को आईसीडीएस सुपरवाइजर वेलफेयर एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने ऑनलाइन तबादलों की खामियों को लेकर विभाग की निदेशक हेमा शर्मा से मुलाकात की। एसोसिएशन की महासचिव संतोष यादव ने बताया कि निदेशक ने उनकी शिकायतों पर कड़ा संज्ञान लिया है। सिस्टम एनालिस्ट को चेतावनी देते हुए कहा कि मनमाने तरीके से खाली पद अपने आप किस प्रकार सुरक्षित कर दिए गए। यादव ने बताया कि मेवात के नूंह-1 ब्लॉक से सभी सुपरवाइजर के स्थानांतरण कर दिए गए हैं। पूरा ब्लॉक खाली हो गया है, जिन सुपरवाइजरों के अंक ज्यादा थे, उनको स्टेशन न देकर उनसे कम स्कोर वाली सुपरवाइजरों को स्टेशन दे दिए गए।