फोटो 4 में है। कैप्शन: विश्वविद्यालय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने वाली छात्रा को स्वर्ण पदक देते हुए राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय
एडवांस एजूकेशन इंस्टीट्यूशन में विभिन्न संकाय के 150 छात्र-छात्राओं को बांटी डिग्रियां
संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। हरियाणा के राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने कहा कि काॅलेजों में शिक्षा ग्रहण कर उपाधि लेने वाले विद्यार्थी अपनी उपलब्धियों से न केवल अपना बल्कि संस्थान का नाम रोशन करते हैं। शिक्षा ग्रहण करने के बाद कभी भी उन शिक्षकों व संस्थान को नहीं भुलाना चाहिए, जिसके कारण आप अपनी मंजिल पाते हैं। उस संस्थान व शिक्षकों की पूजा करनी चाहिए। राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय शनिवार को एडवांस एजुकेशन इंस्टीट्यूशन में आयोजित दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने एडवांस इंस्टीट्यूट द्वारा युवाओं को दी जा रही तकनीकी शिक्षा को लेकर सराहना की तथा आर्थिक रूप से कमजोर बच्चों को निशुल्क शिक्षा देने पर बधाई दी तथा कहा कि इस तरह से शिक्षा का प्रचार होता है तथा आर्थिक रूप से कमजोर युवा अपना भविष्य बना समाज व देश के हित के लिए कार्य करते हैं। राज्यपाल ने कार्यक्रम के दौरान विभिन्न संकाय के करीब 150 विद्यार्थियों को डिग्री वितरित कीं। कार्यक्रम में दो छात्राओं को विश्वविद्यालय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने पर मिले स्वर्ण पदक से भी राज्यपाल ने सम्मानित किया।
राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय ने कहा कि आज का युग युवाओं के नाम है। किसी भी राष्ट्र की शक्ति का स्रोत उसका युवा वर्ग होता है। भारत उन चुनिंदा भाग्यशाली देशों में से एक है, जिसकी 70 प्रतिशत आबादी युवा है। 2025 तक देश की तीन-चौथाई आबादी काम करने की आयु के अंतर्गत होगी। इतनी ज्यादा युवा शक्ति जिस राष्ट्र के पास हो तो वह विकास की चरम सीमा को आसानी से प्राप्त कर सकता है। लेकिन इसके लिए हर युवा का तकनीकी रूप से दक्ष होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि देश में स्किल डेवलपमेंट पॉलिसी जारी की गई है। कौशल के आधार पर युवाओं को नौकरी के अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने कहा कि युवाओं को किसी भी क्षेत्र में शोध के लिए आगे आना चाहिए।