240 लोगों को पिनगवां सीएचसी में अक्तूबर में लगे रेबीज के इंजेक्शन
गंगवानी गांव में पागल कुत्ते ने आधा दर्जन से अधिक पशुओं को बनाया शिकार
सद्दाम हुसैन
पिनगवां। क्षेत्र के ग्रामीण इलाकों में लावारिस कुत्तों का आतंक बढ़ता जा रहा है। गांवों की गलियों और सड़कों पर कुत्तों के झुंड घूमते रहते हैं, जिससे बच्चों, बुजुर्गों और खेतों में काम करने वाली महिलाओं को खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार, आए दिन कुत्ते लोगों और पशुओं पर हमला कर रहे हैं। हालात का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि पिनगवां सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में इस माह में अब तक 240 लोगों को रेबीज के इंजेक्शन लगाए जा चुके हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से आवारा कुत्तों की समस्या का समाधान करने की मांग की है। दो दिन पहले गंगवानी गांव में एक पागल कुत्ते ने आधा दर्जन से अधिक पशुओं पर हमला कर उन्हें अपना शिकार बनाया था।
जानकारी के अनुसार, केश मोहम्मद की बकरी, सकीम की बछिया, जमालुद्दीन की गाय, सुहैल की भैंस और तीसीफ की बकरी पर कुत्ते ने हमला किया था। ग्रामीण साजिद, सोहैल, मुजाहिद, शरीफ, इरशाद, इरफान, हसन मोहम्मद, जाहुल खान और अंसार ने बताया कि आवारा कुत्तों की समस्या से लोगों को काफी परेशानी हो रही है। पशु चिकित्सक अमजद ने बताया कि उनके पास रेबीज के इंजेक्शन की आपूर्ति नहीं है।
कोट
कुत्ते के काटने का मामला सामने आने पर मरीज को तुरंत इंजेक्शन लगाया जाता है। लोगों को चाहिए कि कुत्ते के काटने पर लापरवाही न बरतें और तुरंत स्वास्थ्य केंद्र पहुंचकर उपचार कराएं। - डॉ. यावर आलम, सीनियर मेडिकल ऑफिसर