पलवल। गांव नंगला भीकू स्थित राजकीय माध्यमिक विद्यालय के गेट पर शनिवार को ग्रामीणों ने ताला जड़ दिया। ग्रामीणों का आरोप था कि स्कूल में कार्यरत अध्यापक अपनी मनमानी कर विद्यार्थियों का भविष्य खराब कर रहे हैं। स्कूल में अंग्रेजी माध्यम से विद्यार्थियों से पढ़ाने की व्यवस्था की गई है, परंतु अध्यापक बच्चों को हिंदी माध्यम से ही पढ़ा रहे हैं। ग्रामीणों ने अध्यापकों के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए दूसरे अध्यापकों की नियुक्ति की मांग की। स्कूल में दो घंटे तक ताला जड़ा रहा लेकिन शिक्षा विभाग से जुड़ा कोई भी अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। ग्रामीणों ने मुख्याध्यापक को सोमवार तक का समय देने के बाद ताला खोल दिया।
ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम पंचायतों के प्रयासों से नंगला भीकू सहित छपरोला, दूधौला व पृथला के बच्चों के लिए गांव नंगला भीकू के राजकीय माध्यमिक स्कूल में ही अंग्रेजी माध्यम से पढ़ाने की व्यवस्था की गई थी, ताकि गरीबों के बच्चे भी अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा ग्रहण कर सकें। इसके तहत जिला शिक्षा अधिकारी से बातचीत कर सरकारी शिक्षकों के अलावा अलग से निजी शिक्षकों की भी नियुक्ति की गई, जिनका वेतन ग्राम पंचायत द्वारा दिया जा रहा है। शिक्षा सत्र 2019-20 में स्कूल में अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा दी जाने लगी। पंचायत द्वारा ग्रामीणों से आग्रह कर उनके बच्चों के निजी स्कूल छुड़वाकर गांव के सरकारी स्कूल में दाखिला करवाया गया। ऐसा करने से स्कूल में विद्यार्थियों की संख्या 400 के करीब हो गई।
ग्रामीणों का आरोप है कि स्कूल में कार्यरत सरकारी अध्यापक अपनी मनमानी करते हुए बच्चों को अभी हिंदी माध्यम से ही पढ़ा रहे हैं, क्योंकि उन्हें खुद ही अंग्रेजी नहीं आती। इसके अलावा अध्यापक बच्चों के साथ नकारात्मक व्यवहार करते हैं तथा बेवजह उनकी पिटाई की जाती है। कई बार ग्रामीणों ने उन्हें समझाया लेकिन उसके बावजूद अध्यापकों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा। मजबूरी में उन्हें स्कूल पर ताला जड़ना पड़ा। ग्रामीणों का कहना था कि उन्होंने निजी स्कूल से अपने बच्चों के यहां पर दाखिले करवाए थे, परंतु यहां भी सही शिक्षा न मिलने के कारण उन्हें अब यह स्कूल भी छुड़वाना पड़ेगा।
सरकारी स्कूल में अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा देने की पहल की गई थी, परंतु अध्यापकों की मनमानी के चलते विद्यार्थियों को परेशानी हो रही है। इसके बारे में कई बार मुख्याध्यापक से शिकायत की है, परंतु कोई कार्रवाई नहीं की गई। यदि शीघ्र ही सुनवाई नहीं की गई, तो ग्रामीण सोमवार को फिर से ताला लगा देंगे।
- राजेंद्र तेवतिया, ग्राम सरपंच
मुझे इस बारे में कोई जानकारी नहीं मिली है, यदि कोई समस्या है तो मैं शीघ्र खंड शिक्षा अधिकारी को मौके पर भेजकर समस्या का समाधान करवाऊंगा।
- अनिल शर्मा, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी पलवल