पलवल। आशा वर्कर यूनियन की जिला इकाई ने सोमवार को जिला अस्पताल में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया है व जिला सिविल सर्जन को प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। धरने की अध्यक्षता जिला उपप्रधान राजन देवी ने की, जबकि संचालन जिला सचिव रामरति चौहान ने किया।
धरने को संबोधित करते हुए सीटू के जिला प्रधान श्रीपाल सिंह भाटी ने कहा कि आशा वर्कर एमडीएम 360 ऐप डाउनलोड नहीं करेंगी। विभाग चाहे तो अपने फोन वापस ले सकता है। आशा कर्मचारियों पर लंबे समय से ऑनलाइन काम करने का दबाव बनाया जा रहा है। आशाओं को बिना प्रशिक्षण के ऑनलाइन काम करवाया जा रहा है। हालांकि आंदोलन के बाद इन्हें हरियाणा सरकार ने फोन दिए थे, वहीं अब ब्लॉक कोऑर्डिनेटर आशाओं के फोन में ऐप डाउनलोड कर रहे हैं। ज्ञापन में मांग की गई है कि कोरोना वैक्सीन के उत्पादन को बढ़ाया जाए। बहुत सारी आशा वर्करों के पास आईडी कार्ड नहीं है। कोविड-19 के दौरान रिकार्ड का सर्वे में दिक्कत आ रही है इसलिए आशाओं को आईडी कार्ड जारी किए जाए। आशाओं को मास्क दिए। मृत्यु होने पर आशा वर्कर के परिवारों को केंद्र सरकार 50 लाख का बीमा व राज्य सरकार का 10 लाख का बीमा दें। आशा कर्मचारियों का कहना है कि ऐप डाउनलोड होने से विभाग स्वत: जानकारी शेयर कर सकता है। विभाग फोन में कोई भी मैसेज लोड कर सकता है। इससे शोषण के मामले सामने आ रहे हैं। फोन की हैंडलिंग विभाग के हाथ में होगी तो आशाओं को ब्लैकमेल करने या दुर्घटना का भी सामना भी करना पड़ सकता है। ज्यादातर आशा कर्मचारियों के अधिकारी पुरुष हैं, इसलिए भी इस ऐप डाउनलोड का विरोध किया जा रहा है। प्रदर्शन में उपप्रधान सरोज देवी, राज, पूजा देवी, बबीता देवी, रेखा देवी, पूनम, बबली, राजबाला, सर्व कर्मचारी संघ के जिला प्रधान राजेश शर्मा, सचिव योगेश शर्मा, बनवारी लाल, राकेश तंवर ने भी विचार रखे।
07श्चड्डद्यश्च7- पलवल अस्पताल में प्रदर्शन करती आशा वर्कर।