संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। 31 जुलाई, 2023 को ब्रज मंडल जलाभिषेक यात्रा के दौरान भड़की सांप्रदायिक हिंसा ने मेवात के सामाजिक ताने-बाने को गहरा आघात पहुंचाया था। हिंसा में लोगों की जान गई, बड़ी संख्या में लोग घायल हुए और दोनों समुदायों के परिवारों को नुकसान उठाना पड़ा। हिंसा के बाद 55 एफआईआर दर्ज की गईं, 200 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया तथा छह लोगों की मौत और सैंकड़ों लोगों के घायल होने की पुष्टि की गई थी।
हिंसा के बाद कई महीनों तक मेवात का माहौल तनावपूर्ण रहा, लेकिन धीरे-धीरे हालात सामान्य हुए। बीते तीन वर्षों में आपसी संवाद और विश्वास बहाली की दिशा में लगातार काम हुआ, जिसका असर अब साफ दिखाई देने लगा है। तीन वर्ष पहले की कड़वी यादों को भुलाकर मेवात भाईचारे और विश्वास की नई इबारत लिखने को तैयार है।
इस बार ब्रज मंडल जलाभिषेक यात्रा ऐसे समय में निकल रही है, जब जिले में भाईचारे और सौहार्द का माहौल पहले की तुलना में काफी मजबूत हुआ है। खास बात यह है कि कई स्थानों पर मुस्लिम समुदाय के लोग भी यात्रा का स्वागत करने, श्रद्धालुओं के लिए पेयजल, जलपान और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की तैयारी कर रहे हैं। इसे मेवात की साझा संस्कृति और गंगा-जमुनी तहजीब का सकारात्मक संदेश माना जा रहा है।
मेवात की 36 बिरादरी के चौधरी जाकिर हुसैन, तैयब हुसैन घासेडिया, खुर्शीद राजा का पूर्व डिप्टी स्पीकर आजाद मोहम्मद सुभान खान सिंगारिया का कहना है कि वर्ष 2023 की हिंसा एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना थी। मुस्लिम समाज यात्रा का जोरदार स्वागत करेगा।