बजट में आम आदमी के लिए कुछ नहीं
पलवल। केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शुक्रवार को मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का पहला बजट पेश किया। इस बजट के आते ही पक्ष-विपक्ष की पार्टियों द्वारा अलग-अलग प्रतिक्रियाएं व्यक्त की जा रही हैं। सत्ता पक्ष से जुड़े नेता जहां इस बजट को आम आदमी व गरीब के हित का बजट बता वित्तमंत्री की तारीफ कर रहे हैं, वहीं विपक्षी राजनीतिक दलों से जुड़े विधायक व नेता इसे आम आदमी के अहित का बजट बता छलावा बता रहे हैं। कांग्रेस विधायकों का कहना है कि बजट में ऐसा कुछ नहीं है, जिससे आम आदमी को लाभ हो सके। विधायकों व पूर्व मंत्री तथा जजपा नेता ने पेट्रोल-डीजल के दामों में एक रुपया सेस बढ़ाने पर सरकार की आलोचना करते हुए उसे किसान व आम वर्ग के विरोध का बजट बताया है। वहीं किसान नेताओं ने इस बजट में किसानों के हित के लिए कोई नया न देने का आरोप लगाया है। महिलाएं भी इस बाज को सिरे से नकार रही हैं।
मुख्यमंत्री के राजनैतिक सचिव दीपक मंगला का कहना है कि केंद्रीय बजट आम व गरीब वर्ग के हित का बजट है। बजट में महिलाओं के लिए एक लाख रुपये तक का मुद्रा लोन देने की घोषणा करना महिलाओं के प्रति सम्मान देना है। पांच लाख रुपये की आय को टैक्स से बाहर रखने का निर्णय बेहद सराहनीय है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्रीय वित्तमंत्री निर्मला सीतारमन ने हर वर्ग को लाभ देने का काम किया है।
हरियाणा लोकसेवा आयोग के पूर्व सदस्य व भाजपा नेता डा हरेन्द्र पाल राणा ने बजट को चहुंमुखी विकास का बजट बताते हुए कहा कि सरकार ने समाज के प्रत्येक वर्ग को कल्याणकारी योजनाओं का लाभ देने का प्रयास किया है। किसान, छोटे दुकानदार, महिलाओं और उद्यमियों को राहत देने का काम किया है। डा .राणा ने कहा कि सरकार ने 2024 तक ग्रामीण किसानों के हर घर को बिजली व हर घर को पीने का पानी देने की घोषणा कर सराहनीय काम किया है।
भाजपा नेता व जिले के युवा उद्यमी प्रताप कुंडू का कहना है कि केंद्रीय बजट में हर वर्ग का ध्यान रखा गया है। उद्यमियों के लिए एक करोड़ रुपये की आय पर कोई टैक्स न लगाकर उन्हें राहत देने का काम किया गया है। छोटे दुकानदारों, किसानों व खासकर महिलाओं के लिए कल्याणकारी कदम उठाया गया है। शिक्षा के क्षेत्र में इतनी अधिक राशि का खर्च करने का प्रावधान कर सरकार ने शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इस बजट से उद्यमियों व किसानों को बेहद लाभ मिलेगा।
कांग्रेस विधायक करण सिंह दलाल का कहना है कि केंद्रीय वित्तमंत्री द्वारा प्रस्तुत किया गया बजट पूरी तरह से छलावा है। इस बजट में ऐसा कुछ नहीं है, जो किसी के हित में हो। बजट में केवल झूठे सपने दिखाए गए हैं। पेट्रोल व डीजल पर एक रुपया सेस लगाकर वृद्धि कर आम वर्ग व किसानों को लूटने का प्रयास किया गया है। सरकार बनते ही पहले बजट में देश के लोगों को ठगने का काम भाजपा सरकार ने किया है। भाजपा सरकार ने साबित कर दिया है कि उन्हें आम लोगों, गरीब व किसान मजदूर से कोई लेना देना नहीं है।
पूर्व मंत्री व जजपा के वरिष्ठ नेता हर्ष कुमार का कहना है कि बजट में न तो किसानों के लिए सिंचाई के पानी की व्यवस्था की गई है और न ही बिजली की व्यवस्था की गई है। बेरोजगार युवाओं के लिए रोजगार के साधन उपलब्ध कराने पर कोई ध्यान नहीं दिया गया है। पेट्रोल डीजल के दाम बढ़ाकर सबसे बड़ा नुकसान किसानों व उद्यमियों का किया गया है। इस बजट से उद्योगपति ही नहीं मध्यम व गरीब वर्ग के लोगों को काफी नुकसान होगा। सरकार का बजट पूरी तरह से जनविरोधी बजट है।
कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता राजीव लांबा का कहना है कि बजट पूरी तरह से आधारहीन है। दो दिन पहले जिस तरह से किसानों के लिए समर्थन मूल्य को बढ़ाने की बात की गई थी, वह दिखावा तो पिछले पांच सालों से हो रहा है। आज तक सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी किसानों को नहीं मिल रहा है। गरीबों के स्वास्थ्य की तरफ कोई ध्यान नहीं है। पलवल व फरीदाबाद जिले के लिए ही नहीं हरियाणा में लिए भी बजट मे कुछ नहीं है।