संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। जिले के नूंह व पुन्हाना क्षेत्र में स्वास्थ्य विभाग की ओर से 1 से 14 सितंबर तक कुष्ठ रोगी पहचान अभियान एवं शहरी कुष्ठ नियंत्रण कार्यक्रम चलाया जाएगा। अभियान के तहत आशा कार्यकर्ता और पुरुष स्वयंसेवक घर-घर जाकर कुष्ठ रोग के संभावित मरीजों की पहचान करेंगे। सिविल सर्जन डॉ. ज्योत्सना ने बताया कि कुष्ठ रोग से घबराने की जरूरत नहीं है। यह जीवाणु जनित बीमारी है और समय पर पहचान व पूरा उपचार मिलने पर पूरी तरह ठीक हो सकती है। उन्होंने बताया कि त्वचा पर सफेद या तांबे जैसे धब्बे, धब्बे में संवेदना कम होना, पसीना व बाल न आना, हाथ-पैर में सुन्नपन या कमजोरी इसके प्रमुख लक्षण हैं। उन्होंने लोगों से अपील की कि लक्षण दिखाई देने पर बीमारी को छिपाने के बजाय तुरंत सरकारी स्वास्थ्य केंद्र पर जांच करवाएं। कुष्ठ रोग की जांच और उपचार पूरी तरह निःशुल्क उपलब्ध है। अभियान में स्वास्थ्य विभाग की टीमों का सहयोग करने की भी अपील की गई।