पलवल। बारिश ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के दावों की भी पोल खोल दी है। एनएचएआई द्वारा शहर में राजमार्ग के गड्ढों को भरने के लिए डाली गई सामग्री पानी में बह गई, जिससे मार्ग पर फिर गड्ढे नजर आने लगे। गड्ढों में भरे पानी के कारण पूरे दिन जाम की स्थिति बनी रही। इस कारण वाहन चालकों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। इसके अलावा एनएचएआई द्वारा पानी निकासी के इंतजाम भी नजर नहीं आए। केएमपी-केजीपी इंटरचेज के नीचे करीब चार फिट पानी भर गया। इस कारण वाहन बीच मार्ग पर ही बंद हो गए। इससे जाम लग गया। पुलिस ने यातायात को डायवर्ट कर जाम को खुलवाया।
दरअसल, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने हाईवे को छह लेन करने के तहत बरसाती नालों का निर्माण किया है, लेकिन लेवल ठीक नहीं होने से पानी का निकास नहीं हो पाया। इससे राजमार्ग पर जगह-जगह जलभराव की समस्या बन गई। जिला प्रशासन ने एनएचएआई को मानसून आने से पूर्व नालों के निर्माण और उनकी सफाई करने के निर्देश दिए थे, लेकिन शहर के अंदर बन रहे एलिवेटेड पुल के दोनों तरफ नालों का निर्माण नहीं हो पाया है, जिससे राजमार्ग पर स्थिति बद से बदतर हो गई। इसके अलावा शहर के विभिन्न चौराहों पर एनएचएआई ने पिछले दिनों सामग्री डलवाकर गड्ढों को भरवाया था। बारिश में फिर से गड्ढे हो गए। जगह-जगह खराब वाहनों में लोग धक्का लगाते नजर आए।
केएमपी-केजीपी इंटरचेंज पुल के नीचे भरा पानी
राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर केएमपी-केजीपी इंटरचेंज पुल के नीचे करीब चार फिट तक पानी भर गया और हाईवे ‘तालाब’ की तरह नजर आने लगा। पानी के अंदर जाते ही वाहन बंद हो गए। इससे भी जाम की स्थिति बनी रही। बाद में पुलिस ने रूट डायवर्ट कर दिया, जिससे जाम से निजात मिली।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर छह लेन कार्य के कारण कुछ परेशानी हो रही है। नालों का निर्माण लगभग पूरा है, जल्द ही इन्हें ड्रेन से जोड़ दिया जाएगा। जिन स्थानों पर समस्या है, वहां वैकल्पिक व्यवस्था के जरिये पानी निकासी की जा रही है।
- धीरज सिंह, परियोजना अधिकारी, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण