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Palwal News: कर्मचारी एसेंबली में पुरानी पेंशन बहाली और कच्चे कर्मचारियों के मुद्दों पर चर्चा

Fri, 15 Dec 2023 11:43 PM IST
नोएडा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पलवल
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- एसेंबली में रखे गए सभी प्रस्तावों को वोटिंग करा किया गया पास
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संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। सर्व कर्मचारी संघ की जिला इकाई के तत्वावधान में शुक्रवार को लघु सचिवालय परिसर में कर्मचारी एसेंबली का आयोजन किया। एसेंबली में कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने, पुरानी पेंशन बहाली, रोजगार के विस्तार, सार्वजनिक सेवाओं की उपलब्धता व गुणवत्ता पर चर्चा की गई। एसेंबली में दो महत्वपूर्ण प्रस्ताव रखे गए, जिनमें कच्चे कर्मचारियों के पक्का करने की नीति बनवाने तथा दूसरा प्रस्ताव पुरानी पेंशन बहाली की मांग था। दोनों प्रस्तावों को कर्मचारी एसेंबली में मौजूद सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से पारित करके विधानसभा अध्यक्ष व नेता प्रतिपक्ष को उपायुक्त के माध्यम से भेजने का निवेदन रखा। जिला प्रधान राजेश शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित एसेंबली कार्यक्रम का संचालन योगेश शर्मा ने किया।
इस दौरान संयुक्त किसान मोर्चा के नेता मास्टर महेंद्र सिंह चौहान, धर्मचंद घुघेरा, सीआईटीयू के नेता रमेश चंद, रामरति चौहान, रिटायर्ड कर्मचारी संघ के नेता बीधू सिंह व ताराचंद ने विशेष आमंत्रित सदस्य के रूप में उपस्थित होकर दोनों प्रस्तावों पर अपना पक्ष रखा और सरकार से तुरंत कार्यवाही की मांग की। कच्चे कर्मचारियों से संबंधित प्रस्ताव पर बोलते हुए योगेश शर्मा ने कहा कि सरकार की आधिकारिक बयान के अनुसार दो वर्ष पहले प्रदेश में पक्के कर्मचारियों की संख्या 2.85 लाख और कच्चे कर्मचारियों की संख्या 1.62 लाख से अधिक थी। दो वर्ष के कार्यकाल में हजारों कर्मचारी सेवानिवृत्त हो चुके हैं। कौशल रोजगार निगम व अन्य तरीके से कच्चे कर्मचारियों की भर्ती की जा रही है। सरकार खर्च घटाने के नाम पर अलग-अलग पदनामों से कच्चे कर्मचारियों को लगा रही है।
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पुरानी पेंशन बहाली के प्रस्ताव को प्रस्तुत करते हुए बिजेंद्र कुमिया ने कहा कि 22 दिसंबर 2003 को जारी अधिसूचना के द्वारा केंद्र सरकार ने पुरानी पेंशन प्रणाली को बंद करके एक जनवरी 2004 से नेशनल पेंशन सिस्टम को लागू कर दिया। हरियाणा में नई पेंशन प्रणाली को एक जनवरी 2006 से भर्ती हुए कर्मचारियों के लिए अनिवार्य कर दिया। पुरानी पेंशन व्यक्ति को बुढ़ापे के समय में बेसहारा ना छोड़कर उसके सामाजिक कल्याण का उपाय करने के लिए उस कर्मचारी को सामाजिक न्याय देने के लिए होती है, जिसने अपनी पूरी जवानी को नियोक्ता के लिए निरंतर मेहनत करने में लगाया है। उन्होंने एसेंबली में मांग की कि एक जनवरी 2006 से नियुक्त हुए कर्मचारियों के लिए नियुक्त तिथि से पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू की जाए। इस दौरान सत्र के अंत में अध्यक्ष द्वारा सभी प्रस्तावों पर वोटिंग कराई, जिन्हें उपस्थित सदस्यों ने सर्वसम्मति से पारित कर दिया। कर्मचारी एसेंबली में यूनियन नेता जितेंद्र तेवतिया, राकेश तंवर, बबली सैनी, थान सिंह, रमेश डागर, पवन रावत, राजकुमार डागर, देवेंद्र नंबरदार, हरकेश सौरौत, देवी सिंह सहजवार, पवन रावत, अनिल कुमार व कृष्ण कुमार ने भी विचार व्यक्त किए।
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