संवाद न्यूज एजेंसी
पलवल। टीईटी विरोधी शिक्षक संघर्ष समिति जिला पलवल और हरियाणा प्राइमरी टीचर एसोसिएशन फरीदाबाद ने संयुक्त रूप से केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर को ज्ञापन सौंपकर वर्ष 2009 से पहले नियुक्त शिक्षकों को शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) की अनिवार्यता से छूट दिलाने की मांग की। हरियाणा प्राइमरी टीचर एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष चतर सिंह ने बताया कि शिक्षकों की नियुक्ति तत्कालीन नियमों और योग्यताओं के आधार पर हुई थी। वरिष्ठ शिक्षक नेता भारत दहिया ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के एक सितंबर 2025 के फैसले के बाद पुराने शिक्षकों पर भी टीईटी की अनिवार्यता लागू होने से उनकी सेवा सुरक्षा और भविष्य को लेकर चिंता बढ़ी है। शिक्षकों ने संसद में कानून की स्पष्ट व्याख्या, आवश्यक वैधानिक संशोधन और न्यायसंगत संरक्षण की मांग की। केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने उनकी समस्याएं सुनते हुए केंद्र और हरियाणा सरकार के समक्ष पक्ष रखने तथा आवश्यक कार्रवाई के लिए प्रयास करने का आश्वासन दिया। इस दौरान हरकिशन तंवर, जयपाल डागर, ब्रह्मदेव चौहान, सुशील तेवतिया और रविदत्त शर्मा समेत बड़ी संख्या में शिक्षक मौजूद रहे।