फिरोजपुर झिरका। एक मूकबधिर महिला द्वारा अपनी नवजात बच्ची को खेत में छोड़ देने का मामला सामने आया है। सूचना के उपरांत पुलिस ने बच्ची को कब्जे में लेकर उसे परिजनों को सौंप दिया। फिरोजपुर झिरका पुलिस के जांच अधिकारी ने बताया कि रविवार को पुलिस को सूचना मिली कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से सटे गांव नाहारिका के पास एक पुलिया के पास खेत में एक नवजात शिशु के रोने की आवाज आ रही है। पुलिस सूचना के आधार पर तुरंत मौके पर पहुंची और शिशु को कब्जे में ले लिया। भारी ठंड का शिकार हुई लगभग 20 दिन की बच्ची को पुलिस द्वारा अस्पताल में भर्ती कराया गया और परिजनों की तलाश शुरू की गई। पुलिस की ओर से आसपास के गांवों में सूचना पहुंचाने के बाद बच्ची के परिजन सामने आ गए। जांच अधिकारी ने बताया कि बच्ची की मां की पहचान गांव कमेंडा की एक महिला के रूप में हुई। इसके बाद पुलिस द्वारा सरपंच खुर्शीद को बुलाया गया और जानकारी प्राप्त की गई। ग्रामीणों द्वारा बताया गया कि उक्त महिला अपने मायके आई हुई थी, जो बीमार होने के साथ-साथ मंदबुद्धि भी थी। दिमागी संतुलन सही नहीं होने के चलते ये महिला अपनी बच्ची को खेत में छोड़ आई थी। जांच अधिकारी ने बताया कि बच्ची को सकुशल वापस मां को लौटा दिया गया है। संवाद