फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गर्भपात करने पर नर्सिंग होम सील

Mon, 10 Apr 2017 03:59 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
नर्सिंग होम पर छापे के दौरान मौके पर जमा भीड़ - फोटो : amarujala
विज्ञापन
पुन्हाना चौक के निकट एक निजी अस्पताल में स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रविवार को अचानक छापेमारी कर एक महिला सहित तीन लोगों को गर्भपात करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। टीम ने इस कार्रवाई के दौरान अस्पताल का रिकार्ड, दवाइयां, औजार व अन्य दस्तावेजों को अपने कब्जे में लेकर अस्पताल को सील कर दिया । विभाग द्वारा की गई इस कार्रवाई के दौरान सुरक्षा के लिए पुलिस का पूरा बंदोबस्त किया गया था।
विज्ञापन


जिला चिकित्सा अधिकारी डा. आदित्य स्वरुप गुप्ता को पिछले कई दिनों से होडल में अवैध रूप से गर्भपात केन्द्र चलाए जाने की सूचनाएं मिल रही थीं।  मिल रही शिकायत के आधार पर जिला चिकित्सा अधिकारी गुप्ता द्वारा एक टीम का गठन किया गया, जिसमें डा. विपिन कुमार, डॉ. जे पी प्रसाद, रेखा गुप्ता को शामिल किया गया। टीम ने  पुन्हाना चौक के निकट बीएस नर्सिंग होम के नाम से चलाए जा रहे अस्पताल में एक नकली ग्राहक को भेजा।

नकली ग्राहक ने अस्पताल के अंदर बैठे डाक्टरों से गर्भपात कराने की बात की और आठ हजार रुपये में सौदा हो गया। जैसे ही नर्सिंग होम के डाक्टरों ने गर्भपात की कार्रवाई शुरू की, उसी दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम के सदस्यों ने पुलिस के साथ अस्पताल को अपने कब्जे में ले लिया और नकली ग्राहक द्वारा दिए गए आठ हजार रुपये भी बरामद कर लिए। 
विज्ञापन


स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ पहुंची पुलिस ने मामले में लिप्त एक महिला सहित दो लोगों को मौके पर ही काबू कर लिया। पुलिस द्वारा हिरासत में लिए गए आरोपियों के नाम टीना जुरहेडा ,सुरेंद्र निवासी गांव बढ़ा शेरगढ़ व हरेंद्र निवासी गांव नांगल जाट बताए गए हैं। जिला चिकित्सा अधिकारी डा. आदित्य स्वरूप गुप्ता ने बताया कि इस अस्पताल के संचालक का नाम पता ज्ञात नहीं हो सका है।

नर्सिंग होम को सील कर पुलिस को शिकायत देकर सभी आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करवा दिया गया है। मौके से प्रतिबंधित दवाइयों के साथ-साथ औजार भी बरामद किए गए हैं। डा. गुप्ता ने कहा कि जिले में विभाग का यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि उक्त अस्पताल में कार्यरत किसी भी कर्मचारी के पास किसी भी प्रकार की कोई डिग्री, डिप्लोमा या अन्य दस्तावेज नहीं मिले हैं। मामले में लिप्त अस्पताल के संचालक को भी शीघ्र ही गिरफ्तार कराया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा की गई कार्रवाई के बाद शहर के अन्य निजी अस्पताल संचालकों में हड़कंप मचा हुआ है। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें