अदालत में पेशी पर आए एक बदमाश को कार सवार चार बदमाशों ने पुलिस की हिरासत से छुड़ा लिया। बदमाशों ने पुलिस के पास से दो सरकारी राइफल भी लूट ली। हथीन थाना पुलिस ने बदमाशों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत में राजस्थान के भरतपुर रिजर्व पुलिस के कर्मचारियों फूलसिंह, बच्चू सिंह, महेंद्र व भरत सिंह के अनुसार वे मंगलवार को कुख्यात बदमाश हारुन को अदालत में पेशी पर लाए थे। हारुन के खिलाफ वर्ष 2013 में बहीन थाना में एक मुकदमा दर्ज था, जिसमें पेश करने के लिए उसे लाया गया था।
अदालत में पेशी के बाद हारुन को ऑटो में बैठाकर चारों पुलिसकर्मी जब वापिस ले जा रहे थे कि सामने से सफेद रंग की स्व्फ्टि कार तथा दो बाइक आईं। उक्त वाहनों में सवार बदमाशों ने हारुन को पुलिस हिरासत से छुड़ा लिया तथा फूल सिंह और बच्चू सिंह के हाथों से दो राइफल भी लूटकर फरार हो गए। राजस्थान पुलिस के कर्मचारियों ने हथीन पुलिस को घटना की सूचना दी, जिस पर पुलिस ने नाकेबंदी लगाकर आरोपी हारुन व बदमाशों की तलाश शुरू कर दी है।
सूत्रों के मुताबिक बदमाश आरोपी हारुन को छुड़ाकर पलवल की तरफ भागे थे। जिले की पुलिस ने नाकाबंदी की परंतु बदमाशों का कोई सुराग नहीं लगा है। हथीन के एसएचओ दीपचंद ने बताया कि पूरे जिले की पुलिस हारुन की खोज में जुटी हुई है। कई टीमें गठित की गई हैं।
कौन है हारुन :
बदमाश हारुन की पृष्ठभूमि के बारे में पता चला है कि वह मथुरा जिले के गांव बिशंबरा का निवासी है तथा कुख्यात अपराधी है। बिशंबरा गांव के वैसे भी कई आपराधिक गिरोह हैं। पुलिस को संदेह है बिशंबरा और आसपास के गांवों के गिरोह ने प्लानिंग के तहत हारुन को छुड़ाया है।
पहले भी बदमाश करते रहे हैं वारदातें :
यह पहला मौका नहीं है जब हथीन कोर्ट से बदमाशों ने अपने साथियों को छुड़ाया है। इससे पूर्व वर्ष 2002 में इसी तरह बदमाशों ने गुराकसर गांव के कुख्यात बदमाश सल्ली को छुड़ा लिया था, लेकिन बाद में पुलिस ने इसे पकड़ लिया था।
पुलिस बोली अब बढ़ाएंगे कोर्ट की सुरक्षा
कोर्ट परिसर के निकट से जिस तरह बदमाश कुख्यात बदमाश हारुन को छुड़ा कर फरार हो गए, उसने सुरक्षा व्यवस्था पर सवालिया निशान खड़ा कर दिया है। कोर्ट परिसर तथा हथीन थाने की दूरी मात्र कुछ मीटर की है। कोर्ट परिसर से हथीन थाना साफ दिखाई देता है।
हथीन थाना परिसर में हर समय सशस्त्र पुलिस बल तैनात रहता है। कोर्ट परिसर में ही एसडीएम ऑफिस तथा अन्य कार्यालय हैं। हर समय हजारों लोगों का आवागमन लगा रहता है। लेकिन उस हिसाब से सुरक्षा के प्रबंध नहीं हैं। एसएचओ दीपचंद का कहना है कि अब कोर्ट परिसर की सुरक्षा बढ़ाई जाएगी।