फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Palwal News: सीएम विंडो...केवल शिकायतें दर्ज, समाधान नहीं

विज्ञापन
विज्ञापन
आवास योजना में भ्रष्टाचार का आरोप, पीड़ित को मिल रहीं धमकियां
विज्ञापन

अब तीसरी बार दर्ज कराई शिकायत, शिकायतकर्ता पर बना रहे चुप रहने का दबाव
संवाद न्यूज एजेंसी

हथीन। सरकारी स्टाफ की ओर से सीएम विंडो पोर्टल पर मिली शिकायतों को गंभीरता से न लेने का एक और मामला सामने आया है। गांव पावसर निवासी रणजीत बाल्मीकि ने मुख्यमंत्री आवास योजना की सूची से नाम हटाए जाने की शिकायत दो बार सीएम विंडो पर दर्ज कराई, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। अब उन्हें शिकायत वापस लेने और चुप रहने के लिए धमकियां भी मिल रही हैं, जिसके बाद पीड़ित ने मंगलवार को तीसरी बार सीएम विंडो पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई है।
रणजीत बाल्मीकि ने बताया कि वह गांव में अत्यंत गरीब व्यक्ति हैं और उसका नाम मुख्यमंत्री आवास योजना की सूची से हटा दिया गया। उन्होंने पहली शिकायत 30 जुलाई को दर्ज कराई (नंबर: 081741), जिसकी कोई सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद 22 अगस्त को दूसरी शिकायत दर्ज कराई (रजिस्ट्रेशन नंबर: 091037), जिसमें उच्च अधिकारियों से जांच की मांग की गई थी, लेकिन फिर भी कोई अधिकारी जांच के लिए नहीं आया। उन्होंने बताया कि शिकायत में जिस ग्राम सचिव की भूमिका पर सवाल उठाए हैं। उसने एक्शन टेकन रिपोर्ट एटीआर के नाम पर गलत तथ्यों की रिपोर्ट पोर्टल पर अपलोड कर दी।
विज्ञापन

खर्चा-पानी मांगने का आरोप
पीड़ित का आरोप है कि प्लॉट दिलाने के लिए उनसे खर्चा-पानी मांगा गया है। इसको लेकर उन्होंने शिकायत की तो उन्हें धमकी दी जा रही हैं। अब पीड़ित शिकायतकर्ता रणजीत ने मंगलवार को तीसरी बार सीएम विंडो पोर्टल पर शिकायत (रजिस्ट्रेशन नंबर 106591) दर्ज कराई है। शिकायतकर्ता ने मांग की है कि शिकायत की जांच उच्चस्तरीय अधिकारी द्वारा कराई जाए।
विज्ञापन

मामले की निष्पक्षता से जांच की जाएगी। - जितेंद्र चौहान, खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी
सभी शिकायतों की जांच निष्पक्षता से की जाएगी। जांच की सुनवाई के लिए शिकायतकर्ता को बुलाया जाए। इसके बाद सीएम विंडो एमिनेंट के पास एटीआर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। -विजय कुमार सिंगला, सीएम विंडो एमिनेंट
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें