पलवल। काशीपुर गांव में बीते दिन हुए बिजेंद्र सिंह हत्याकांड को लेकर मंगलवार को मृतक के परिवार में गहरा आक्रोश फैल गया। परिजन और समर्थक बड़ी संख्या में सिविल अस्पताल पहुंच गए और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर हंगामा किया। परिवार ने साफ कहा कि जब तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जाता, वे बिजेंद्र सिंह का पोस्टमार्टम नहीं कराएंगे। वहीं, आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए सीआईए की चार विशेष टीमों का गठन किया गया है।
इस दौरान गुस्साई भीड़ ने नेशनल हाईवे-19 पर जाम लगाने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर उन्हें हटाया। इसके बाद परिजन अस्पताल परिसर में धरने पर बैठ गए। स्थिति को देखते हुए अस्पताल में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया। एसपी वरुण सिंगला की समझाइश के बाद परिजन पोस्टमार्टम करवाने के लिए तैयार हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार, सोमवार सुबह बिजेंद्र सिंह को करीब छह गोलियां मारकर मौत के घाट उतार दिया गया था। हमलावरों ने इस दौरान उसकी पत्नी श्यामवती के साथ मारपीट की और उसके बेटे को गोली मारकर घायल कर दिया। परिजनों का आरोप है कि यह हमला 20 साल पहले की पुरानी रंजिश का परिणाम है।
आरोपियों तुषार और दीपांशु ने अपने पिता पप्पू की हत्या का बदला लेने के लिए बिजेंद्र और उसके बेटे पर हमला किया। बताया जा रहा है कि बिजेंद्र सिंह इस हत्या के मामले में सात साल की सजा काट चुका था और जमानत पर बाहर आया था।
डीएसपी नरेंद्र खटाना ने बताया कि इस मामले में कुल 18 नामजद आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए सीआईए की चार विशेष टीमों का गठन कर लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने कहा कि आरोपियों को शीघ्र ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।