फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Palwal News: जिले में पीएम स्वनिधि योजना के तहत अब तक 4751 ऋण स्वीकृत

विज्ञापन
विज्ञापन
रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं को बिना गारंटी ऋण, डिजिटल भुगतान और वित्तीय समावेशन का मिला लाभ
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
नूंह। केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर जनकल्याणकारी योजनाओं की उपलब्धियों की जानकारी देते हुए अतिरिक्त उपायुक्त ज्योति ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2014 से शुरू हुए विकास और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को साकार करने में प्रधानमंत्री स्ट्रीट वेंडर्स आत्मनिर्भर निधि (पीएम स्वनिधि) योजना ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। यह योजना रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं एवं छोटे कारोबारियों के आर्थिक सशक्तिकरण का प्रभावी माध्यम बनकर उभरी है।
अतिरिक्त उपायुक्त ज्योति ने बताया कि पीएम स्वनिधि योजना के माध्यम से बिना किसी गारंटी के ऋण, डिजिटल भुगतान को बढ़ावा तथा वित्तीय समावेशन जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इससे हजारों छोटे व्यापारियों को अपने व्यवसाय को मजबूत करने, आय में वृद्धि करने और सम्मानजनक आजीविका सुनिश्चित करने का अवसर मिला है। योजना का उद्देश्य समाज के उस वर्ग को मुख्यधारा की अर्थव्यवस्था से जोड़ना है, जो लंबे समय तक औपचारिक बैंकिंग व्यवस्था से दूर रहा।
विज्ञापन

उन्होंने बताया कि नूंह जिले में योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के परिणामस्वरूप अब तक 4751 ऋण स्वीकृत किए जा चुके हैं। योजना के प्रथम चरण में लाभार्थियों को 15 हजार रुपये तक, द्वितीय चरण में 25 हजार रुपये तक तथा तृतीय चरण में 50 हजार रुपये तक का ऋण प्रदान किया जा रहा है। इस वित्तीय सहायता से लाभार्थियों को अपने व्यवसाय का विस्तार करने, नई सामग्री खरीदने तथा आय के स्रोत बढ़ाने में मदद मिली है। योजना से अनेक परिवारों की आर्थिक स्थिति में सुधार आया है और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी सृजित हुए हैं।
विज्ञापन

अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि केंद्र सरकार के डिजिटल इंडिया अभियान के अंतर्गत पीएम स्वनिधि योजना के लाभार्थियों को डिजिटल भुगतान प्रणाली से भी जोड़ा गया है। डिजिटल लेनदेन को अपनाने से स्ट्रीट वेंडर्स की वित्तीय विश्वसनीयता बढ़ी है तथा उन्हें बैंकिंग सेवाओं और अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ प्राप्त करने में सुविधा हुई है। लाभार्थियों की प्रोफाइलिंग कर उन्हें औपचारिक आर्थिक ढांचे में शामिल किया गया है, जिससे वित्तीय समावेशन को और मजबूती मिली है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें