कड़ी सुरक्षा के बीच हुई ग्रुप डी की परीक्षा
- अभ्यर्थियों को डेढ़ घंटे पहले दिया केंद्र में प्रवेश
- दूसरे दिन 10646 ने छोड़ी एचएसएससी की परीक्षा
अमर उजाला ब्यूरो
पलवल। हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग द्वारा ली जा रही ग्रुप डी की परीक्षा के दूसरे दिन भी परीक्षा केंद्रों पर भारी पुलिस बल मौजूद रहा। परीक्षार्थियों को परीक्षा शुरू होने से करीब डेढ़ घंटे पहले ही प्रवेश करा दिया गया तथा उनके रोल नंबर व अन्य जरूरी कागजातों की जांच की गई। जांच के दौरान जिन बच्चों की रोल नंबर स्लिप में कमी पाई गई, उन्हें दूर कराया गया तथा जिनके रोल नंबर वाले फार्म प्रमाणित नहीं थे, उन्हें स्कूल में ही प्रमाणित करा उन पर मोहर लगवाई गई। परीक्षा रविवार को भी दो सत्रों में सुबह 10 बजे से तथा दोपहर बाद तीन बजे से शुरू हुई।
परीक्षा केंद्रों पर परीक्षार्थियों का आना सुबह छह बजे से ही शुरू हो गया था। काफी संख्या में परीक्षार्थी शनिवार की शाम को ही पलवल पहुंच गए तथा आसपास की धर्मशालाओं में रुके थे। परीक्षा केंद्रों पर पुलिस बल भी सुबह साढ़े सात बजे से ही तैनात कर दिया गया।
जिले में दूसरे दिन भी आधे ही परीक्षार्थी परीक्षा देने पहुंचे। प्रशासन के रिकार्ड के अनुसार 16562 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। जांच के दौरान जहां महिला परीक्षार्थियों के गले से चेन व अन्य चीजें उतरवा ली गईं, वहीं विवाहिता महिलाओं से मंगलसूत्र तक उतरवा लिए। युवाओं से भी उनके हाथ की घड़ी व अन्य चीजों को उतरवा लिया गया।
जिले में बनाए गए थे 48 परीक्षा केंद्र
पलवल में ग्रुप डी के लिए 48 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। इनमें सुबह व शाम के सत्र में 13604-13604 परीक्षार्थियों को परीक्षा देनी थी, लेकिन रिकार्ड के अनुसार इनमें से काफी बच्चे परीक्षा देने नहीं पहुंचे। इन परीक्षा केंद्रों में पलवल के स्कूलों के अलावा औरंगाबाद के पास स्थित इंजीनियरिंग कालेजों में परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। एमवीएन विश्वविद्यालय में भी परीक्षा केंद्र बनाया गया था। परीक्षा केंद्रों पर ज्यादातर उन्हीं स्कूलों के शिक्षकों को बतौर सुपरवाइजर तैनात किया गया था, जो उन स्कूलों में शिक्षक हैं।
परीक्षाओं के लिए नोडल अधिकारी बनाए गए एसडीएम जितेंद्र कुमार ने बताया कि दोनों दिन जिले के सभी परीक्षा केंद्रों पर परीक्षाएं शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराई गईं। किसी भी तरह की कोई दिक्कत नहीं आई।
लगी हुई थी धारा 144
परीक्षा पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के दृष्टिगत परीक्षा केंद्रों के आसपास 200 मीटर तक अपराधी प्रक्रिया 1973 के तहत धारा 144 लागू की गई थी। परीक्षा केंद्रों के आस-पास 200 मीटर के दायरे में फोटो स्टेट मशीनों का प्रयोग भी निषेध किया गया था।