नारनौल। प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर रंग जमना शुरू हो चुका है। विभिन्न राजनीतिक दलों और निर्दलीय प्रत्याशी समर्थन मांगने के लिए लोगों के बीच जा रहें हैं।
राजनीतिक दल अपने-अपने घोषणा पत्र में लोगों के लिए विकास की बात कर रहें हैं। वहीं आमजन में आगामी 5 अक्तूबर को होने वाले मतदान को लेकर उत्साह बना हुआ है। लोगों के बीच चुनाव को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है। चुनाव में जिन मुद्दों पर सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है, उनमें रोजगार भी एक महत्वपूर्ण मुद्दा बना हुआ है। सरकारी विभाग में भर्तियां नहीं निकाली जाती और क्षेत्र में उद्योग नहीं है। लोगों का कहना है कि वह ऐसी सरकार चुनना चाहते है जो क्षेत्र में उद्योग स्थापित करें और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा करें।
सरकारी विभाग में पद खाली पड़े हैं, लेकिन किसी भी सरकार द्वारा स्थायी भर्ती नहीं की जाती। बल्कि बेरोजगार युवाओं की मजबूरी का फायदा उठाकर अलग-अलग योजनाओं के तहत कच्ची भर्तियां की जाती है। उसके बाद भी उनकी नौकरी स्थायी नहीं होती और हमेशा यह खतरा बना रहता है कि उनकी नौकरी कभी भी की जा सकती है। इसलिए मैं ऐसी सरकार का चुनाव करना चाहूंगा जो सरकारी विभाग में खाली पदों पर स्थायी भर्ती करें ताकि प्रदेश के योग्य और प्रतिभाशाली युवा अपने सपनों को साकार कर सकें।
शिवानी, छात्रा, नारनौल।
प्रदेश के गठन के कई साल बाद भी क्षेत्र में उद्योग स्थापित नहीं हो सकें हैं। जिस कारण क्षेत्र के युवा प्रतिभाशाली होते हुए भी या तो बेरोजगार है या फिर बडे़ शहरों का रुख कर रहें हैं। वहीं क्षेत्र में कुछ बेरोजगार युवा अपराध जगत में भी कदम रख रहें हैं। इसलिए मैं ऐसी सरकार को चुनना चाहूंगा जो क्षेत्र को औद्योगिक क्षेत्र के रूप में विकसित कर सकें और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करें।
दिव्यांशु, छात्र, नारनौल।
पिछले कुछ वर्षों में क्षेत्र के कई युवाओं ने सरकारी नौकरी प्राप्त की है। सरकारी नौकरी की भर्तियों में भी पारदर्शिता आई हैं। लेकिन भर्ती परीक्षा के दौरान पेपर लीक की जैसी समस्या पर भी रोक लगाने के लिए सख्त नियम बनाए जाने चाहिए ताकि मेहनत करने वाले युवाओं को निराश नहीं होना पडे़। इसलिए मैं ऐसी सरकार का चुनाव करूंगा जो पारदर्शिता के साथ नियमित रूप से भर्ती निकाले और क्षेत्र के युवाओं को रोजगार उपलब्ध करवाएं।
रजनीश, छात्र, नारनौल।