नारनौल। गर्मी के मौसम में भी जोहड़ों का पानी खत्म नहीं होगा। इसके लिए सिंचाई विभाग की तरफ से 2.30 करोड़ रुपये का बजट खर्च किया जाएगा। इस राशि में मेघोत बिंजा, सैदअलीपुर, रघुनाथपुरा, थाना व बदोपुर गांव के जोहड़ शामिल है। जिनके जल्द ही टेंडर छोड़ दिए जाएंगे।
सिंचाई विभाग द्वारा जोहड़ों में नहरी पानी डाला जाएगा। इससे गिरते भूजल स्तर में तो सुधार होगा ही साथ में बेसहारा पशुओं को गर्मी के मौसम में पानी के लिए दर-दर नहीं भटकना पड़ेगा। सिंचाई विभाग ऊंचाई पर पड़ने वाले जोहड़ों में दबाव इकाई प्रणाली से पानी डालेगा। इसके लिए स्वीकृति मिल चुकी है और अब इसी सप्ताह में टेंडर छोड़ दिए जाएंगे।
किस गांव में कितनी लागत से जोहड़ों की होगी खोदाई
-सिंचाई विभाग गांव मेघोत बिंजा के जोहड़ की खोदाई करेगा। इस जोहड़ की खोदाई पर 5 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। इसमें शहबाजपुर डिस्ट्रीब्यूटरी से पानी डाला जाएगा।
- नांगल चौधरी क्षेत्र के गांव सैदअलीपुर की पूसा वाले जोहड़ की सिंचाई विभाग द्वारा खोदाई करवाई जाएगी। यह जोहड़ ऊंचाई पर हाेने की वजह से इसमें दबाव इकाई प्रणाली से पानी डाला जाएगा। यह राजस्थान सीमावर्ती से सटा गांव है। इस जोहड़ की खोदाई होने से सैदअलीपुर व धोखेरा गांव को फायदा होगा। इस पर सिंचाई विभाग द्वारा 65 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
-नारनौल क्षेत्र के रघुनाथपुरा गांव के बारादरी जोहड़ की खोदाई की जाएगी। इस पर 60 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। सिंचाई विभाग द्वारा हसनपुर डिस्ट्रीब्यूटरी से लिंक पानी की क्षमता बढ़ाई जाएगी।
-राजस्थान सीमावर्ती गांव बदोपुर के जोहड़ की भी खोदाई करवाई जाएगी। इस पर 40 रुपये खर्च होंगे।
-थाना गांव के ऐतिहासिक जोहड़ की भी खाेदाई करवाई जाएगी। इस कार्य पर 60 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। इस जोहड़ में भी दबाव इकाई प्रणाली से पानी डाला जाएगा।
राजस्थान सीमा से गांव सटा होने की वजह से भूजल स्तर 1600 फीट नीचे तक जा चुका है। अब सिंचाई विभाग द्वारा जोहड़ की खोदाई कर दबाव इकाई प्रणाली से जोहड़ में पानी डाला जाएगा। इसका सर्वे हो चुका है।
ताराचंद, सरपंच सैदअलीपुर।
सिंचाई विभाग द्वारा जोहड़ों की खोदाई करवाई जाएगी। बजट की स्वीकृति मिल चुकी है। टेंडर छोड़कर जल्द ही पानी डाला जाएगा। इन पांच जोहड़ों पर करीब 2.30 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
राजेश वर्मा, एसडीओ, सिंचाई विभाग नारनौल।