मौसम परिवर्तन होने के साथ बच्चों व बुजुर्गों में वायरल तेजी से फैल रहा है। जिसका असर नागरिक अस्पताल में देखने को मिल रहा है। अस्पताल की ओपीडी एक हजार पर पहुंच गया है। जिसमें सबसे अधिक मरीज खांसी, जुकाम व वायरल बुखार के आ रहे हैं। इनमें अधिक संख्या बच्चों की देखने को मिल रही है। इसके अलावा एलर्जी रोग के मरीज भी आ रहे हैं। जिसके चलते नागरिक अस्पताल में सुबह से लोगों की लाइन लग जाती है।
गत 3-4 दिन पूर्व क्षेत्र में हुई बूंदाबांदी के बाद बदले मौसम का असर लोगों की सेहत पर पड़ने लगा है। जिसके चलते सर्दी-जुकाम, खांसी, बुखार के मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है। वायु प्रदूषण के चलते एलर्जी रोगियों की संख्या भी बढ़ी है। मुख्यालय स्थित जिला अस्पताल की ओपीडी में जहां सप्ताह पूर्व कम मरीज पहुंचे। वहीं अब मरीजों की संख्या बढ़ गई है। इनमें सबसे ज्यादा मरीज सर्दी-जुकाम, खांसी के साथ बुखार के पीड़ित है।
सामान्य दिनों में 500-700 के करीब रहती है ओपीडी
मौसम परिवर्तन के बाद नागरिक अस्पताल में मरीजों की संख्या पहले की तुलना में काफी अधिक बढ़ गई है। इसके चलते अस्पताल में सुबह से ही मरीजों का भारी भीड़ अस्पताल के ओपीडी से लेकर पंजीकरण काउंटर पर देखने को मिल रही है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार नागरिक अस्पताल में सामान्य दिनों में 500-700 के करीब ओपीडी रहती है, लेकिन मौसम बदलाव के बाद से वायरल बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ने से ओपीडी की संख्या एक हजार के करीब पहुंच गई है।
चिकित्सक सावधानी बरतने की दे रहे सलाह
मौसम अब सर्द होने लगा है। वातावरण में प्रदूषण के कण भी मौजूद हैं। ऐसे में सर्दी-जुकाम के साथ आंखों में एलर्जी रोग की समस्या बढ़ गई है। नागरिक अस्पताल में ओपीडी में ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ गई है। कई लोगों को सांस-फूलने की दिक्कत है तो बच्चों में निमोनिया की शिकायत सामने आ रही है। आंखों में एलर्जी के साथ-साथ त्वचा रोग भी मरीज आ रहे हैं। इसलिए चिकित्सक इस मौसम में लोगों को विशेष सावधानी बरतने की हिदायत दे रहे हैं।
प्रदूषण से दमा और एलर्जी केसों में वृद्धि
इस समय जिले में प्रदूषण बढ़ रहा है। पर्यावरण प्रदूषित होने की वजह से बच्चों में एलर्जी एवं दमा की शिकायतें हो रही हैं। प्रतिदिन 50 से 100 मरीज दमा और एलर्जी के आ रहे हैं। त्चचा रोग विशेषज्ञ डॉ. आनंद शर्मा बताया कि ऐसे मौसम में घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए। दिक्कत होनेे चिकित्सकों को अवश्य दिखाना चाहिए।
मौसम में बदलाव के चलते बच्चे वायरल बुखार की चपेट में अधिक आ रहे हैं। बच्चों में बुखार, खांसी, जुकाम के मामले अधिक आ रहे हैं। इसलिए बच्चों का इस बदलते मौसम में विशेष ध्यान रखने की जरूरत है। सर्दी के मौसम शुरू हो चुका है। इसलिए बच्चों को गर्म कपड़ों पहनाकर रखना चाहिए।
-डॉ. संदीप यादव, बाल रोष विशेषज्ञ, नारनौल।
मौसम बदलाव के चलते खांसी, जुकाम व वायरल बुखार के मरीज सामने आ रहे हैं। जिसमें वायरल के मामले ज्यादा आ रहे हैं। अस्पताल की ओपीडी भी पहले के मुकाबले में काफी बढ़ गई है। इस समय लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। विशेष रूप से छोटे बच्चों की इस बदलते मौसम में अच्छे से देखभाल करने की जरूरत है। -डॉ. केएम शर्मा, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट, नागरिक अस्पताल, नारनौल।