हकेंवि में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेते कलाकार।
महेंद्रगढ़। हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय(हकेंवि) व हरियाणा कला परिषद् के संयुक्त तत्वावधान में मूलचंद सभागार में राजनैतिक व्यंग्य पर आधारित गधे की बरात नामक नाटक का मंचन किया गया। प्रदर्शन कला संस्थान रोहतक के कलाकारों ने इस नाटक का मंचन पिछले 30 सालों में पाकिस्तान के लाहौर सहित विभिन्न देशों में किया जा चुका है। हकेंवि में 336वीं बार इसका मंचन किया गया।
गधे की बरात नाटक हरी भाई बड़गांवकर द्वारा लिखा गया है। नाटक का निर्देशन विश्वदीप त्रिखा द्वारा किया गया। वहीं कार्यक्रम के संयोजक डॉ. पंकज कुमार रहे। इस नाटक के जरिए अमीर और गरीब के बीच की खाई को दिखाया गया। नाटक में दिखाया गया कि किस तरह समय बदल जाता है, लेकिन अमीर और गरीब के बीच की खाई कभी कम नहीं होती। इसके अलावा नाटक समाज में व्याप्त राजनीति और सामाजिक नीतियों पर व्यंग है। इस मौके पर अविनाश सैनी, चारु गिरिधिर, सुरेंद्र शर्मा, अभिषेक, डॉक्टर दिनेश चहल सहित अन्य उपस्थित रहे।