नारनौल। पलवल व रेवाड़ी डिपो में रोडवेज बस भेजने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा है। डिपो पर रोडवेज या निजी बस पहुंचते ही यात्री बस की तरफ दौड़ रहे थे। हालात यह रहे कि यात्रियों ने बसों की छत पर बैठकर सफर किया।
सबसे ज्यादा बुजुर्गों व महिलाओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं दिल्ली-जयपुर रूट भी दिनभर प्रभावित रहा। यात्रियों को घंटों भर बसों का इंतजार करने के बाद रोडवेज बस मिल रही थी। नारनौल डिपो से 50 बस पलवल और 25 बस रेवाड़ी भेजी गई थीं। वहीं 9 रोडवेज बस महेंद्रगढ़ जिले से गुरुग्राम कार्यक्रम के लिए रवाना हुई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने द्वारका एक्सप्रेस वे का सोमवार को उद्घाटन किया है। इस कार्यक्रम में लोगों के पहुंचने के लिए रोडवेज बसों को लगाया गया है। इसकी वजह से नारनौल डिपो में बसों की भी किल्लत हो गई।
पायदान पर बैठकर यात्रियों को करना पड़ा सफर
रोडवेज बस कम चलने की वजह से यात्रियों को बसों की छत्त व गेट के पायदान पर खड़े होकर सफर करना पड़ा। वहीं रोडवेज व निजी बसों में यात्रियों को बैठने के लिए जगह नहीं मिल रही थी।
मुझे दिल्ली जाना था और वहां से भी छतरपुर के लिए ट्रेन पकड़नी थी। काफी देर हो गई दिल्ली के लिए बस नहीं आ रही। अब आगे जाने में देरी होगी। यात्रियों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए प्रशासन को व्यवस्था करनी चाहिए थी।
बबलू, बड़गांव।
मुझे किसी काम से महेंद्रगढ़ तक ही जाना था। आज बस स्टैंड पर बस बहुत कम दिखाई दे रही है और रोडवेज तो बहुत ही कम आ रही है। रोडवेज कम होने के कारण अब प्राइवेट बस में जाना पड़ेगा और उसमें भी भीड़ ज्यादा जा रही है।
शुभम, नारनौल।
नारनौल डिपो से 50 पलवल, 25 रेवाड़ी भेजी गई हैं। इसके अलावा महेंद्रगढ़ जिले से भी गुरुग्राम कार्यक्रम में 9 रोडवेज बस भेजी गई है। मंगलवार से सभी रूटों पर नियमित रूप से बस चलेगी।
ब्रह्म प्रकाश, सीआई नारनौल डिपो।