नारनौल। रास्ता रोककर मारपीट कर मोबाइल व नकदी छीनकर ले जाने के मामले में एक आरोपी को अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. अब्दुल माजिद की अदालत ने सात साल कैद की सजा सुनाई व जुर्माना लगाया है। जुर्माना न भरने पर दोषी को अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी होगी।
इस मामले में महेंद्रगढ़ थाना पुलिस ने वर्ष 2017 में अभियोग पंजीबद्ध किया था। मामले की सुनवाई न्यायालय में हुई। न्यायालय में सुनवाई के दौरान उप जिला न्यायवादी मनीष यादव ने मामले में अभियोजन के पक्ष में प्रभावशाली पैरवी करते हुए माननीय न्यायाधीश के सम्मुख दलीलें पेश करते हुए आरोपी को सजा दिलाने में भूमिका निभाई। सुनवाई के दौरान न्यायालय ने मामले को बहुत ही संगीन माना और दोषी की सजा में कोई नरमी नहीं बरती। मामले के अनुसार वर्ष 2017 में कुलदीप निवासी मोहल्ला बास महेंद्रगढ़ ने पुलिस को एक शिकायत दर्ज करवाई थी। जिसमें शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि वह गाड़ी से अपने दोस्त के कुआं पूजन समारोह से वापिस घर जा रहा था। जब वह शिव मंदिर महेंद्रगढ़ के पास पहुंचा तो मोटरसाइकिल सवार लड़कों ने गाड़ी के आगे मोटरसाइकिल लगाकर गाड़ी रोक ली और उसको गाड़ी से नीचे उतारकर उसके साथ मारपीट करने लगे। आरोपियों ने लाठी डंडों से से उसको चोटें मारी और मोबाइल और नकदी छीनकर ले गए। शिकायतकर्ता ने नामजद और अज्ञात के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। थाना महेंद्रगढ़ पुलिस के द्वारा बिना किसी विलंब के अभियोग अंकित किया गया। जांच इकाई के द्वारा महत्वपूर्ण साक्ष्यों का आंकलन कर अभियोग में प्रभावी कार्यवाही करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के सम्मुख पेश किया गया था। न्यायालय में सुनवाई के दौरान उप जिला न्यायवादी मनीष यादव ने मामले में अभियोजन के पक्ष में प्रभावशाली पैरवी करते हुए न्यायाधीश के सम्मुख दलीलें पेश करते हुए आरोपी को सजा दिलाने में भूमिका निभाई। न्यायालय ने अभियोग में सुनवाई करते हुए आरोपी अमित उर्फ सलीम सुपारी को सात साल कैद की सजा सुनाई व जुर्माना लगाया है।