नारनौल। माइनस में रेट भर कर टेंडर लेने वाली एजेंसी अब काम को बीच में छोड़ कर नहीं भाग पाएगी। नगर परिषद ने नियम लागू किया है जिसके तहत एजेंसी को वर्क ऑर्डर लेने से पहले परफॉर्मेंस सिक्योरिटी जमा करवानी होगी। ये राशि कुल टेंडर के बजट की लगभग तीन प्रतिशत होगी। इससे नगर परिषद को तो फायदा पहुंचेगा लेकिन ठेकेदारों को तय रेट से भी कम में काम करना पड़ेगा। इससे सवाल यह भी खड़ा होता है कि माइनस में रेट देकर काम लेने पर क्या ठेकेदार के काम की गुणवत्ता रहेगी।
पिछले महीने ही नगर परिषद ने शहर के एक से 31 वार्डों की सड़कों के पैचवर्क मरम्मत के लिए एक करोड़ 19 लाख 14 हजार 455 रुपये के टेंडर लगाए थे। इसमें हर पांच से छह वार्ड के लिए अलग-अलग टेंडर मांगे गए थे। इसमें तीन फर्मों ने अलग-अलग टेंडर के लिए आवेदन किया। इसमें एक एजेंसी ने 10 प्रतिशत माइनस पर टेंडर हासिल किया जबकि दूसरी ने 13 और तीसरी एजेंसी ने 17 प्रतिशत तक माइनस में रेट पर टेंडर हासिल किया है लेकिन नगर परिषद ने वर्क ऑर्डर जारी करने से पहले ही उससे तीन प्रतिशत सिक्योरिटी के रूप में राशि जमा करवाई है।
यहां बता दें कि विकास कार्यों के टेंडर लेने की होड़ के चलते ठेकेदार माइनस में रेट दे देते हैं। इससे काम करते समय कई बार ठेकेदार निर्माण सामग्री में दिक्कत करते हैं। कई बार या तो घटिया निर्माण सामग्री का प्रयोग कर दिया जाता है या फिर राशि पूरी न होता देखकर कई बार ठेकेदार काम को बीच में ही छोड़कर फरार हो जाते हैं। इसलिए नगर परिषद ने परफॉर्मेंस सिक्योरिटी का नियम लागू किया है ताकि कोई ठेकेदार गलत काम न करे और न ही काम को बीच में छोड़कर जाए।
कार्य नहीं होंगे बाधित
परफॉर्मेंस सिक्योरिटी के नियम से अब विकास कार्य बाधित नहीं होंगे। अभी तक अगर कोई ठेकेदार बीच में काम छोड़कर जाता तो शहरवासियों को परेशानी होती है। वहीं नगर परिषद को भी दोबारा टेंडर लगाना पड़ेगा जिसके चलते काम लेट हो जाता है। इसी से बचने के लिए नगर परिषद द्वारा संबंधित ठेकेदारों से परफॉर्मेंस सिक्योरिटी भरवाई जा रही है। इस तरह का नियम पीडब्ल्यूडी में पहले से लागू है।
जिम्मेदारी बढ़ेगी, माइनस रेट भरने की होड़ कम होगी
परफॉर्मेंस सिक्योरिटी से एजेंसी या ठेकेदार की जिम्मेदारी बढ़ेगी। वहीं माइनस रेट में टेंडर लेने की होड़ भी कम होगी। हालांकि काम समय पर पूरा करने पर एजेंसी को जमा करवाई सिक्योरिटी राशि वापस मिल जाएगी।
हाल ही में सड़कों की मरम्मत व पैचवर्क के लिए टेंडर लगाए गए थे। इसमें तीन एजेंसियों ने अलग-अलग टेंडर भरे थे। तीनों ने ही माइनस में रेट दिए हैं इसलिए तीनों को वर्क ऑर्डर जारी कर दिया गया है। ठेकेदार काम सही करे और काम बीच में छोड़े इसलिए उनसे परफॉर्मेंस सिक्योरिटी भरवाई गई है।
-सुंदर सिंह, एक्सईएन, नगर परिषद, नारनौल।