फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mahendragarh-Narnaul News: फायर एनओसी लेने में संचालक नहीं दिखा रहे रुचि

विज्ञापन
विज्ञापन
नारनौल। जिले में आगजनी की घटनाओं को लेकर सरकारी व गैरसरकारी संस्थाएं गंभीर नहीं है। इसके लिए दमकल विभाग बार-बार नोटिस जारी कर संस्था संचालकों को अवगत करवा रहा है, लेकिन इसके बाद भी संस्था फायर एनओसी लेने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। दमकल विभाग की तरफ से पहले जुलाई में और अब सितंबर में दोबारा एनओसी लेने के लिए विभिन्न संस्थाओं को नोटिस जारी किया है, लेकिन इसके बावजूद हैफेड, मेरिज प्लेस, होटल, गैस एजेंसी, पेट्रोल पंप व अनेक शिक्षण संस्था फायर एनओसी को लेकर गंभीर नहीं है।
विज्ञापन


ऐसे में अगर कहीं आगजनी की घटना घटित हो जाती है तो दमकल कर्मियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ेेगा। इसकी वजह से आगजनी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से भवनों में अग्निशमन व अग्नि सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करवाने के लिए फायर एनओसी सेफ्टी प्रमाण पत्र लेना अनिवार्य कर दिया गया है।





होटल व मैरिज प्लेस संचालक नहीं गंभीर






आजकल विवाह-शादी व अन्य कार्यक्रम में होटल व मैरिज प्लेस में हजारों की संख्या में लोग मौजूद रहते हैं। गैस चूल्हे सहित अनेक प्रकार की लाइट लगी रहती है। अगर कहीं शॉर्ट सर्किट हो गया तो हालात बेकाबू हो सकते हैं, लेकिन इसके बाद भी ज्यादातर होटल व मैरिज प्लेस संचालक फायर एनओसी को लेकर गंभीर नहीं है। सिरसा जिले के डबवाली में 23 दिसंबर 1995 के हादसे को प्रदेश व देशभर के लोग भूले नहीं है। वहां एक मैरिज प्लेस में एक निजी स्कूल का सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा था। जहां शॉर्ट सर्किट की वजह से आग लग गई थी, जिसमें 442 लोगों की जान चली गई थी, लेकिन इस घटना से करीब 29 साल बीतने के बाद भी मैरिज प्लेस संचालक सबक नहीं ले रहे हैं।
विज्ञापन






हैफेड में हो चुकी है आगजनी की घटना




हैफेड ने आगजनी की घटना होने के बाद भी फायर एनओसी नहीं ली है। हैफेड मील में करीब तीन साल पहले आग लग गई थी। इस आगजनी की घटना में हजारों लीटर सरसों का तेल जलकर राख हो गया था। इस आगजनी से सरकार को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ था, लेकिन इसके बाद भी हैफड ने सबक नहीं लिया है। दमकल विभाग की तरफ से तीन-चार बार नोटिस भी दिया जा चुका है।









जिले में स्कूल, गैस एजेंसी, मैरिज प्लेस व पेट्रोल पंप व होटल संचालक फायर एनओसी को लेकर गंभीर नहीं है। पहले जुलाई में नोटिस दिया गया था, जिसके बाद सितंबर में भी नोटिस दिया गया है। अगर इसके बाद भी फायर एनओसी नहीं लेते है तो उच्च अधिकारियों को अवगत करवा कर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन


राजबीर सिंह, फायर ऑफिसर नारनौल।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें