महेंद्रगढ़। वायु गुणवत्ता सूचकांक व प्रदूषण के मामले में देशभर के 240 शहरों में 479 एक्यूआई के साथ वीरवार सुबह महेंद्रगढ़ जिला सबसे खराब स्थिति में पहुंच गया। वहीं राजस्थान प्रदेश का चुरु शहर 473 व सीकर 447 एक्यूआई के साथ देशभर में वायु गुणवत्ता के मामले में अति गंभीर स्थिति में पहुंच चुके हैं।
हरियाणा एनसीआर दिल्ली और विशेषकर जिला महेंद्रगढ़ को एक बार फिर से पूरी तरह प्रदूषण और जहरीली हवाओं ने अपनी जकड़ में ले लिया है। जिला महेंद्रगढ़ में प्रदूषण का स्तर बढ़ने की मुख्य वजह लगातार हिमालय पर्वत की तरफ से आने वाली पश्चिमी-उत्तरी हवाओं को ठहराया जा रहा है। वीरवार सुबह दिन की शुरूआत हल्के स्मॉग के साथ हुई जो दिनभर जारी रहा। मौसम और पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि हिमालय की तरह से हवाओं के रुख से जिला इस स्थिति में पहुंचा है जिसकी वजह से प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ रहा है।
पश्चिमी-उत्तरी हवाओं के कारण बढ़ रहा प्रदूषण
मौसम विशेषज्ञ और पर्यावरणविद्, नोडल अधिकारी पर्यावरण क्लब राजकीय महाविद्यालय नारनौल डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि वर्तमान परिदृश्य में हरियाणा एनसीआर दिल्ली के साथ जिला महेंद्रगढ़ में प्रदूषण का स्तर बढ़ने की मुख्य वजह लगातार हिमालय पर्वत की तरफ से आने वाली पश्चिमी-उत्तरी हवाओं के कारण है। विशेषकर जिला महेंद्रगढ़ क्षेत्र में यह हवाएं कम ऊंचाई में पहुंच रही हैं, जिसके कारण इस क्षेत्र में प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ रहा है। क्योंकि पंजाब राजस्थान और पंजाब से सटे हरियाणा के कुछ हिस्सों में जबरदस्त तरीके से पराली जलाने की गतिविधियों को अंजाम दिया जा रहा है। पश्चिमी उत्तरी हवाओं ने इसे हरियाणा एनसीआर दिल्ली और विशेषकर जिला महेंद्रगढ़ की तरफ धकेल दिया जिसकी वजह से प्रदूषण का स्तर बढ़ रहा है। साथ ही जिले के कुछ हिस्सों में अवैध रूप से चल रही क्रेशर जोन के वाहन एवं गतिविधियां, निर्माण कार्य, बदहाल सड़कों पर यातायात की धूल व दिवाली पर्व पर पटाखों ने इसे गति देने का काम किया है।
पिछले पांच साल का रिकॉर्ड तोड़ा
जिले ने पिछले पांच साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया और भारत के टॉप सबसे ज्यादा प्रदूषित शहरों की सूची में शामिल हो गया। वीरवार दोपहर के 12.30 बजे हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के आंकड़ों अनुसार वायु गुणवत्ता सूचकांक 479 होने पर संपूर्ण भारत में प्रदूषित शहरों में प्रथम स्थान रहा। दोपहर से शाम तक लगातार 435- 450 के बीच एक्यूआई दर्ज किया गया। एक्यूआई की यह स्थिति अति गंभीर स्थिति में पहुंच गई है।
वीरवार को देश के यह आठ शहर रहे अति गंभीर स्थिति में
शहर एक्यूआई
महेंद्रगढ़-नारनौल 479
चुरु 473
सीकर 447
फरीदाबाद 423
नई दिल्ली 415
रोहतक 413
भिवानी 401
गाजियाबाद 398
नोट: एक्यूआई के यह आंकड़े हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के हैं।