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Mahendragarh-Narnaul News: 53 लाख से सिविल अस्पताल में बच्चों के लिए लगेगी हाई डिपेंडेंसी यूनिट

Mon, 06 Feb 2023 11:46 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
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नारनौल का नागरिक अस्पताल।
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-कोरोना की दूसरी लहर में जारी हुई थी राशि, अब होगी खर्च
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केंद्र सरकार ने जारी की थी राशि
फोटो-10
संवाद न्यूज एजेंसी
नारनौल। सिविल अस्पताल में आने वाले गंभीर बच्चों को अब रोहतक रेफर नहीं करना पड़ेगा। जल्द ही सिविल अस्पताल में बच्चों के लिए हाई डिपेंडेंसी यूनिट (एचडीयू) लगाई जाएगी। यहां बच्चों की हर प्रकार के गंभीर मरीजों का इलाज किया जाएगा।
अस्पताल से बच्चों को कई बार हाई रिस्क होने पर रोहतक रेफर किया जाता है। लंबे समय से अस्पताल में एचडीयू की मांग उठ रही थी। सरकार ने इसकी भी स्वीकृत दे दी थी। इसका एस्टीमेट तैयार हो चुका है और इसे पुरानी बिल्डिंग में स्थापित किया जाएगा। उम्मीद है कि टेंडर होने के बाद करीब 3 से 6 माह में यह यूनिट तैयार हो जाएगी। पीडब्लूडी द्वारा इसका निर्माण करवाया जाएगा।
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सिविल अस्पताल में एचडीयू (हाई डिपेंडसी यूनिट) बनाने के लिए 56 लाख 67 हजार 501 रुपये की राशि खर्च की जाएगी। एचडीयू 10 बेड का बनेगा। एचडीयू में भर्ती मरीज को जनरल वार्ड में भर्ती मरीज की अपेक्षा अधिक मेडिकल सुविधा दी जाती हैं। जनरल वार्ड में भर्ती मरीज का इलाज करने में परेशानी होने पर उसे एचडीयू में भर्ती किया जाता है। अस्पताल में लगने वाली एचडीयू पूरी तरह से सेंट्रलाइल ऑक्सीजन से जुड़ी होगी। साथ ही एयर कंडीशनल एरिया होगा। सभी 10 बेड आक्सीजन से जुड़ हुए होंगे।
कोरोना की दूसरी लहर के बाद आया था बजट
बताया जा रहा है कि कोरोना की दूसरी लहर में हुई मौतों को देखते हुए सरकार ने एचडीयू खोलने का निर्णय था। एनएचएम के तहत केंद्र सरकार द्वारा यह राशि जारी की गई थी लेकिन अब तक खर्च नहीं हो सकी थी। केंद्र द्वारा सीधे राशि पीडब्ल्यूडी बीएंडआर की इलेक्ट्रिक विंग के पास भेजा गया था। अब इलेक्ट्रिक विंग द्वारा इसका टेंडर जारी कर दिया गया है।
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यह होता है एचडीयू
एचडीयू अस्पताल का वह हिस्सा होता है जहां पर मरीज को मामूली इलाज के बजाय अधिक देखभाल और इलाज की जरूरत पड़ने पर भर्ती किया जाता है। एचडीयू में बच्चों के जनरल वार्ड की अपेक्षा विशेष मेडिकल उपकरण के अलावा विशेष मेडिकल टीम भी होती है। अस्पताल में एचडीयू वार्ड की लोकेशन आईसीयू वार्ड के नजदीक होती है ताकि एचडीयू में भर्ती मरीज की स्थिति ज्यादा खराब होने पर उसे तुरंत आईसीयू में भर्ती किया जा सके। एचडीयू में ऐसे मरीजों को भर्ती किया जाता है जिनका इलाज करने में जनरल वार्ड में परेशानी होती है और आईसीयू में ऐसे मरीजों को भर्ती किया जाता है जिनकी स्थिति इतनी ज्यादा खराब हो जाती है कि एचडीयू वार्ड में भी उनका इलाज कर पाना मुश्किल होता है।

सिविल अस्पताल में एचडीयू लगनी है। इसके लिए टेंडर लगा दिया गया है। यूनिट के लिए केंद्र सरकार की तरफ से पैसा आया था। यह यूनिट 10 बेड की होगी।
-अमित गोयल, एक्सईएन, इलेक्ट्रिक विंग, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर, रेवाड़ी।
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