फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सरकार शिक्षा का निजीकरण करना चाहती है : विजेंद्र

विज्ञापन
विज्ञापन
सरकार शिक्षा का निजीकरण करना चाहती है : विजेंद्र
विज्ञापन

अभाशिबस ने रावमा विद्यालयों को मर्ज करने की आलोचन योजना की
संवाद न्यूज एजेंसी
नारनौल। अखिल भारतीय शिक्षा बचाओ समिति के जिला कंवीनर विजेंद्र सिंह ने राज्य सरकार द्वारा विद्यार्थियों की कम संख्या का बहाना बनाकर राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों 5 किलोमीटर दूर दूसरे स्कूलों में मर्ज करने की योजना की कड़ी आलोचना की है।
विज्ञापन

असल में सरकार कोई ना कोई बहाना बनाकर शिक्षा देने की अपनी जिम्मेदारी से पीछे हटना चाह रही है। इससे पहले भी सरकार प्राइमरी स्कूलों को बंद करने की योजना लेकर आ चुकी है। असल में सरकार शिक्षा का निजीकरण करना चाह रही है। उन्होंने कहा है कि सरकार को शिक्षा के प्रति असंवेदनशील रवैया छोड़कर शिक्षा के प्रचार-प्रसार के लिए जरूरी कदम उठाने चाहिए। सभी स्तर के अध्यापकों के रिक्त बड़े पद भरे जाएं तथा सभी स्कूलों में हर तरह की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने बताया कि यदि स्कूलों में बच्चे कम है तो इसके जिम्मेदार सरकार स्वयं है। बहुत से स्कूलों में सभी विषयों के पर्याप्त स्टाफ नहीं है। जिसके कारण गरीब बच्चों को भी महंगे प्राइवेट स्कूलों में दाखिला लेने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। 5 किलोमीटर दूर जाना पड़ेगा तो लड़कियों की पढ़ाई पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा, हो सकता है कुछ लड़कियों की पढ़ाई उनके अभिभावक छुड़वा दें।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें