नारनौल। अगर आपके आसपास जलभराव है तो सावधान हो जाए, इस समय जिले में तेजी के साथ डेंगू मरीज बढ़ रहे हैं। वहीं स्वास्थ्य विभाग भी ऐसे घरों को चिन्हित कर नोटिस देने का कार्य कर रहा है।
शनिवार को 6 और सोमवार को तीन डेंगू के मरीज मिले हैं। इसकी वजह से जिले में डेंगू मरीजों का आंकड़ा 31 के पास पहुंच गया है। वहीं मलेरिया के अभी 5 मरीज हैं। अगर इसी तरह डेंगू संक्रमण तेजी से फैलता रहा तो आने वाले समय में हालात भयावह हो सकते हैं। जिले में तीन दिन में 9 डेंगू मरीज मिलने से स्वास्थ्य विभाग में भी हड़कंप मच गया है। इस बार सितंबर में डेंगू मरीज बहुत कम मिले थे, इसके बाद अक्तूबर में डेंगू संक्रमण तेजी से बढ़ रहा है। अभी नवंबर तक डेंगू का प्रकोप जारी रहने की संभावना है।
डेंगू मरीजों को तत्काल उपचार देने के लिए नागरिक अस्पताल में अलग से वार्ड बनाया गया है। जिले के किसी भी सरकारी अस्पताल में प्लेटलेट्स की सुविधा उपलब्ध नहीं है, जिसकी वजह से मरीजों को निजी अस्पताल में उपचार लेना पड़ रहा है। नारनौल के एक छह वर्षीय बच्चे की बीते शुक्रवार को जयपुर में डेंगू की वजह से मौत भी हो गई थी।
1520 को दिया जा चुका है नोटिस
स्वास्थ्य विभाग द्वारा घरों में लार्वा मिलने पर अब तक 1520 लोगों को नोटिस दिया जा चुका है, लेकिन इसके बाद भी लोग सावधानी नहीं बरत रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की 152 टीम घर-घर लार्वा की जांच कर रही है। अगर किसी घर में कूलर या फिर हौंदी में लार्वा पाया जाता है तो उसे खाली करवाया जाता है।
फॉगिंग नहीं होने की वजह से मच्छरों का बढ़ रहा प्रकोप
नगर परिषद द्वारा शहर में उसी स्थान पर फॉगिंग की जा रही है, जिस स्थान पर डेंगू मरीज मिल रहा है। इसकी वजह से भी मच्छर लगातार बढ़ रहे हैं। अगर नगर परिषद शहर में फॉगिंग करवा दे तो डेंगू पर अंकुश लग सकता है, लेकिन वह डेंगू मरीज मिलने के बाद ही कर रहा है।
बीते वर्षों में यह रहे आंकड़े
वर्ष मलेरिया मरीज डेंगू मरीज
2017 25 03
2018 22 04
2019 01 10
2020 00 07
2021 05 161
2022 03 72
2023 03 44
2024 05 31