फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mahendragarh-Narnaul News: शहर के नालों की सफाई के टेंडर मामले में डीसी ने बैठाई जांच

Sat, 19 Aug 2023 12:08 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, महेंद्रगढ़/नारनौल
विज्ञापन
विज्ञापन
नारनौल। शहर के 55 नालों की सफाई के दिए गए टेंडर व नालों की सफाई जांच के घेरे में आ गई है। इस मामले में डीसी मोनिका गुप्ता ने एसडीएम को जांच सौंपी है। इसके लिए विजिलेंस की तीन सदस्यीय कमेटी बनाई गई है, जिसमें एसडीएम मनोज कुमार के अलावा सिंचाई विभाग के एक्सईएन व सिविल सर्जन कार्यालय के लेखाकार को भी शामिल किया गया है। इस मामले में कमेटी ने नगरपरिषद अधिकारियों को नोटिस देकर रिकाॅर्ड तलब किया था, लेकिन अधिकारी शहर से बाहर होने के कारण नहीं आए। अब उनको दोबारा रिकार्ड सहित तलब किया गया है। उसके बाद ही जांच आगे बढे़गी।
विज्ञापन


8 जून 2023 को नारनौल नगर परिषद के तहत आने वाले सभी 31 वार्डों में करीब 55 नालों की सफाई और मेंटेनेंस के लिए नगर परिषद ने दो टेंडर छोड़े थे। पहला टेंडर 1 से 15 वार्ड तक तथा दूसरा टेंडर 16 से 31 वार्ड का छोड़ा गया था। दोनों ही टेंडर एक ही फर्म दी नारनौल सर्वोदय कोऑपरेटिव एल एंड सी सोसाइटी लिमिटेड के नाम छोड़े गए थे। इस फर्म ने साढ़े 17 परसेंट माइनस में यह दोनों टेंडर लिए थे।
8 जून 2023 को नगर परिषद के अधिकारियों द्वारा फर्म को लिखे गए पत्र में स्पष्ट लिखा है कि इस तारीख को जारी वर्क ऑर्डर के एक महीने के अंदर-अंदर फर्म को सभी नालों की सफाई और मेंटेनेंस करनी होगी। तय सीमा में काम करने में फेल रहने में जुर्माना किया जाएगा। फर्म ने काम करना शुरू किया, लेकिन उसके साथ ही सवाल उठने शुरू हो गए थे। नीरपुर और ढाणी किरारोद के असीन आने वाले वार्ड में जिन नालों के नाम 55 नालों की लिस्ट में दिखाया गया था, वहां के पार्षद व लोगों ने कहा था कि उनके एरिया में टेंडर सूची में जो नाले दर्शाए गए हैं वह है ही नहीं। दूसरी तरफ शहर के अनेक नागरिकों व पार्षदों ने जब 55 नामों की लिस्ट देखी तो उन्होंने भी यह कहा था कि उनके मोहल्ले और एरिया में भी अभी तक उन नालों की सफाई नहीं हुई है जो 40 लाख के टेंडर में शामिल किए गए हैं। इसके अलावा सलामपुरा, महावीर चौक से नरूला होटल बस स्टैंड तक और रोडवेज वर्कशॉप से रेवाड़ी रोड तक का सफाई कार्य भी अभी तक छेड़ा नहीं गया है। इसी प्रकार महावीर चौक के आसपास के दुकानदारों ने एक पत्र नारनौल नगर परिषद की चेयरपर्सन और नगर परिषद के अधिकारियों को सौंपकर कहा था कि महावीर चौक से रेस्ट हाउस और इसके आसपास नालों की सफाई के नाम पर खानापूर्ति की जा रही है। इसके बावजूद भी नगर की परिषद के अधिकारियों द्वारा ठेकेदार के प्रति कोई संज्ञान नहीं लिया गया। पार्क रोड पर नाले की सफाई करने के बाद नाले से निकाली गई कीचड़ दो-तीन दिन तक नहीं उठाई गई। उसके बाद बरसात आने पर वो कीचड़ वापस उसी नाले में चली गई। इसकी शिकायत भी वहां के दुकानदारों ने की थी। यह सब मामला मीडिया ने उठाया तो डीसी मोनिका गुप्ता ने संज्ञान लेते हुए इसकी जांच बैठा दी है। अब इसकी जांच एसडीएम मनोज कुमार को सौंपी गई है।
विज्ञापन



उन द्वारा इस मामले की जांच की जा रही है। इस मामले में नप अधिकारियों को बुलाया गया था, लेकिन बाहर थे। इस कमेटी में तीन सदस्य हैं। नप अधिकारियों को नोटिस देकर रिकार्ड मंगवाया गया है। जांच पूरी होने के बाद रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को सौंपी जाएगी।
विज्ञापन



-मनोज कुमार, एसडीएम, नारनौल।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें