नारनौल। जिले में 16 डेंजर जाेन (ब्लैक स्पॉट) ऐसे हैं जहां 24 घंटे हादसे का खतरा मंडराता रहता है। इन्हीं ब्लैक स्पॉटों पर सबसे ज्यादा हादसे होते हैं और लोगों की जान चाहती है। ट्रैफिक विभाग ने इन स्थानों को चिन्हित किया है। इन ब्लैक स्पॉट को खत्म किया जाए तो होने वाले हादसों और मौतों को कम किया जा सकता है।
दो दिन पहले हुई सड़क सुरक्षा कमेटी की बैठक में जिले में बने इन डेंजर जोन को लेकर मंथन हुआ। इस पर डीसी ने संंबंधित विभागों की निर्माण एजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि वह इन डेंजर जोन पर काम करे और सर्वे करके इनमें सामने आने वाली कमियों को दूर किया जाए ताकि हादसों को कम से कम किया जा सके। जल्द ही संबंधित विभाग और ट्रैफिक पुलिस मिलकर इन खामियों को ढूंढकर उन पर काम करेगी। संबंधित एजेंसियां अपने बजट से ही इन कमियों को दूर करेंगी। इसके लिए संबंधित एजेंसी नगर परिषद, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर, मार्केटिंग बोर्ड, एनएचएआई को निर्देश दिए गए हैं। यदि डेंजर जोन की बात करे तो सबसे ज्यादा नारनौल शहर में इनकी संख्या 5 है। इसके अलावा अटेली एरिया में दो, सदर थाना महेंद्रगढ़ एरिया में दो, शहर थाना महेंद्रगढ़ एरिया में 3, नांगल चौधरी एरिया में 2, सदर थाना नारनौल एरिया में दो डेंजर जान या कहे दुर्घटना संभावित क्षेत्र हैं।
स्पीड ब्रेक, सांकेतिक चिन्ह सहित अन्य कई कारण
इन दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में ऐसे कई कारण है, जिससे हादसे होते हैं या होने की संभावना बनी रहती है। इसमें मुख्य रूप से स्पीड ब्रेक का न होना, सांकेतिक चिह्नों पर न होना शामिल है। इसी प्रकार से सड़क का टूटा होना, सड़क धंसना या सड़क पर खतरनाक उभार बनना, रॉन्ग साइड वाहन चलाना, ब्लिंकर लाइट का न होना, रोड साइनेज का न होना, रोड डेलीनेटर का न होना, कैट आई का न लगा होना, रोड मार्किंग का न होना, सड़क पर सांकेतिक निशान नहीं बने होना, यातायात के निशान न लगे होना, सड़कों पर विभिन्न विभागों की साइट निर्माण के दौरान मेटिरियल पड़े रहना, लोगों द्वारा नियमों का पालन न करना या जागरूक नहीं होना, हेलमेट, सीट बेल्ट का प्रयोग नहीं करना, वाहन चलाते समय मोबाइल का प्रयोग करना भी शामिल हैं।
नेशनल हाईवे पर भी खतरनाक स्थिति
नेशनल हाईवे पर भी खतरनाक स्थिति है। नीरपुर नहर के पास के क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग नंबर-11 व 148बी का जंक्शन बिंदु है। जहां पर रेवाड़ी की तरफ से आने वाले वाहन अंबाला, कोटपुतली व नारनौल की तरफ जाते हैं तथा नांगल चौधरी व कोटपुतली की तरफ से आने वाले वाहन रेवाड़ी की तरफ जाने के लिए सड़क पार करते हैं। इस बिंदु पर सुराना, छापडा सलीमपुर की तरफ से आने वाले वाहन गलत साइड से नारनौल की तरफ आते हैं। यहां न कोई यातायात का चिन्ह है और न ही स्पीड ब्रेक बने हैं। इससे दुर्घटना की संभावना बनी रहती है। इसी प्रकार से बुचावास टोल प्लाजा 152 डी पर रेवाडी व महेंद्रगढ़ की तरफ से आने वाले वाहन 152 डी पर चंडीगढ़ या नारनौल की तरफ जाते हैं। चंडीगढ़ व नारनौल की तरफ से आने वाले वाहन महेंद्रगढ़ या रेवाड़ी की तरफ जाते हैं। इस क्षेत्र में इन सभी वाहनों का जंक्शन बिंदु बनता है। इसलिए हादसे होने का खतरा रहता है। इसके अलावा भालखी टोल प्लाजा कट 152 डी पर दौंगड़ा अहिर, अटेली, महेंद्रगढ़ की तरफ से आने वाले वाहन 152 डी पर चंडीगढ़ या नारनौल की तरफ जाते हैं। चंडीगढ़ व नारनौल की तरफ से आने वाले वाहन महेंद्रगढ़ या अटेली की तरफ जाते हैं। इस क्षेत्र में सभी वाहनों का जंक्शन बनता है। यहां न तो काई ब्लिंकर लाइट है और न ही ब्रेकर है। इसलिए हादसे का खतरा बना रहता है। इसके अलावा रेवाड़ी रोड फ्लाईओवर के पास 152 डी बिंदु पर राष्ट्रीय राजमार्ग नंबर-11 व 148बी का जंक्शन बिंदु है। जहां पर रेवाड़ी की तरफ से आने वाले वाहन अंबाला, कोटपुतली व नारनौल की तरफ जाते हैं। नांगल चौधरी व कोटपुतली की तरफ से आने वाले वाहन रेवाड़ी की तरफ जाने के लिए सड़क पार करते हैं। इस बिंदु पर गांव सुराना, छापड़ा सलीमपुर की तरफ से आने वाले वाहन गलत साइड से नारनौल की तरफ आते हैं। यहां पर कोई यातायात चिन्ह, स्पीड ब्रेकर या ब्लिंकर लाइट नहीं है। इससे हादसे होने की संभावना बनी रहती है।
कहां-कहां है डेंजर जोन
-अटेली क्षेत्र में रेवाड़ी रोड पर बने रेस्ट एरिया के पास।
-कनीना-महेंद्रगढ़ रोड पर पेट्राेल पंप के सामने
-प्रिंस चिकन पैलेस के पास नारनौल।
-नीरपुर नहर के पास के क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग नंबर-11 व राष्ट्रीय राजमार्ग नंबर 148बी का जंक्शन
-होटल रॉयल ट्यूलिप के पास बाईपास रोड नारनौल
-फायरिंग रेंज रघुनाथपुरा नारनौल के पास।
-नांगतिहाड़ी मोड बाईपास रोड नारनौल।
-बुचावास टोल प्लाजा कट
-भालखी टोल प्लाजा कट
-माजरा चुंगी महेंद्रगढ़।
-राव तुलाराम चौक महेंद्रगढ़।
-कैंची मोड महेंद्रगढ़।
-नांगल चौधरी बस अड्डा पर टी प्वाइंट।
-इंडियन ऑयल पंप ढाणी बाठोठा
-रेवाडी रोड नजदीक फ्लाईओवर 152डी
-मडलाना रोड बाईपास रोड नारनौल।
जिले में कई दुर्घटना संभावित क्षेत्र है। सड़क सुरक्षा कमेटी की बैठक में इन पर चर्चा हुई है। उपायुक्त ने भी संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि वह सर्वे कर इन खामियों को दूर करने का काम करे। यातायात विभाग भी इसके लिए सचेत है।
-सत्यनारायण, ट्रैफिक प्रभारी।