पथरवा गांव में दहेज के लिए एक विवाहिता की जान ले ली गई। विवाहिता के पिता की शिकायत पर पुलिस ने पति और देवर के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज किया है। भिवानी जिले के गांव हसास खुर्द निवासी पृथ्वी सिंह ने अपनी शिकायत में बताया कि 2009 में उन्होंने अपनी बेटी पूनम की शादी पथरवा गांव निवासी विक्रम के साथ की थी।
शादी में उन्होंने अपने सामर्थ्य के अनुसार दहेज भी दिया था। वर्ष 2011 में पूनम ने एक बेटी को भी जन्म दिया। आरोप है कि इसी दौरान उसके देवर ने दहेज के लिए विवाहिता से से मारपीट की। इस मामले को पंचायत में सुलझा लिया गया था। इस बार उनकी बेटी ने एक पुत्र को जन्म दिया। इसी बीच ससुराल वाले फिर से 5 लाख रुपये लाने के लिए प्रताड़ित करने लगे। मामला इतना बढ़ गई तो दहेज के लिए उनकी बेटी की गला दबाकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने मृतका के पिता की शिकायत पर मृतका के पति विक्रम और देवर सरवीन के खिलाफ दहेज हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। वहीं मृतका के परिजनों ने पूनम के ससुर, काका ससुर, सास को भी हत्या में शामिल होने का आरोप लगाते हुए इनके खिलाफ भी मामला दर्ज करने की गुहार लगाई है।
बीमार चल रही थी : ससुराल पक्ष
मृतका पूनम के पति विक्रम का कहना है कि पूनम कुछ दिनों से बीमार चल रही थी। उसे वे कुछ रोज पहले भिवानी के एक निजी अस्पताल में भी लेकर गए थे। पूनम की मौत बीमारी की वजह से हुई है। पूनम के मायके वाले उन्हें बेवजह फंसा रहे हैं।