अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। सीआईए ने शुक्रवार रात गो-तस्करों के चंगुल से चार गायों का मुक्त कराया। पुलिस ने दो आरोपियों को अरेस्ट कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। इस दौरान चार युवक बोलेरो से भागने में कामयाब रहे। रिमांड के दौरान आरोपियों से पूछताछ कर फरार हुए चारों आरोपियों को भी गिरफ्तार करने का पुलिस प्रयास करेगी।
पुलिस प्रवक्ता नरेश कुमार ने बताया की भैंस चोरी की वारदात को रोकने के लिए एसपी विनोद कुमार ने जिले में अलग-अलग जगहों पर नाका लगाने के आदेश दिए हुए हैं। शुक्रवार रात सीआईए नारनौल सिंघाना रोड बाईपास पर मौजूद थी। इसी दौरान सिंघाना की तरफ से एक बोलेरो गाड़ी आती दिखाई दी। पुलिस ने शक होने पर गाड़ी को रुकने का इशारा किया तो चालक गाड़ी को तेज गति से भगाने लगा। इसी दौरान पीछे से एक पिकअप गाड़ी भी बिना रुके निकल गई। जिस पर सीआईए ने दोनों वाहनों का पीछा करना शुरू कर दिया। दोनों गाड़ियां नांगल चौधरी की तरफ जाने लगी। टीम ने नांगल चौधरी पुलिस को भी अलर्ट कर दिया।
प्रवक्ता ने बताया कि दोनों गाड़ियां रेलवे फाटक पार करने लगी तो आगे से ट्राला आ गया। इस दौरान बोलेरो गाड़ी तो निकल गई, लेकिन पिकअप नहीं निकल सकी। सीआईए ने अपनी गाड़ी पिकअप के आगे लगा दी। इस पर आरोपी गाड़ी से निकलकर भागने लगे। सीआईए ने मौके पर ही दो युवकों को दबोच लिया। पिकअप की तलाशी ली गई तो चार गोवंश मिले। आरोपी गायों को गांव भालोट से लाए थे और जयपुर लेकर जा रहे थे। दोनों आरोपियों के खिलाफ थाना शहर में गो तस्करी का मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार किया है। आरोपियों की पहचान कंशाली निवासी हामिद व भालोट निवासी बिजेंद्र के रुप में हुई।
भैंस चोरी में हाथ होने का शक
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उसके साथ एक बोलेरो गाड़ी भी साथ थी। जिसमें करीब चार युवक बैठे हुए थे। उनकी गाड़ी से जंजीर मिलने से पुलिस को शक है कि आरोपियों का भैंस चोरी में हाथ भी हो सकता है। दोनों आरोपियों को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस को शक है कि भालोट गांव वासी बिजेंद्र आरोपियों से मिला हुआ है।