शहर में अमृत 2.0 के तहत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के जल एवं स्वच्छता सहायक संगठन की ओर स्कूल जागरूकता अभियान आयोजित किया गया। इस मौके पर विद्यालय के 50 बच्चों ने जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण पर आयोजित पेंटिंग प्रतियोगिता में हिस्सा लिया।
कार्यक्रम में मुख्यातिथि के रूप में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के जिला सलाहकार मंगतुराम सरसवा ने शिरकत की। जिला सलाहकार ने बताया कि कि अमृत का विस्तारित नाम अटल नवीकरण और शहरी परिवर्तन मिशन है। इसके तहत शहर के उपभोक्ताओं को हर घर नल व सीवरज व्यवस्था को उपलब्ध करवाना है। बीआरसी विक्रम सिंह ने जल के व्यर्थ ना बहने की अपील करते हुए कहा कि ब्रथ करते समय नल को खुला ना छोड़ें व पशुओं को नहलाते समय खुले नल का प्रयोग ना करें।
प्राचार्य प्रदीप चंद ने कहा कि इस तरह की प्रतियोगिता तो सिर्फ बहाना होती है असली मकसद जल को बचाना है। बीआरसी इंद्रजीत ने शुद्ध जल का प्रयोग करने व समय-समय पर जल की गुणवत्ता की जांच करने बारे में भी बताया। प्राध्यापक कृष्ण कुमार ने कहा कि जल का हमारे जीवन में विशेष महत्व है। बीआरसी निशु ने सभी बच्चों से पेंटिंग प्रतियोगिता आयोजित करवाई व चित्रकला अध्यापिका सुजाता ने सभी बच्चों को जल संरक्षण, पर्यावरण संरक्षण विषय पर पेंटिंग बनाने बारे आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। इस मौके पर बीआरसी निशु, प्राध्यापक कृष्ण लाल पूरी, प्राध्यापक मुकेश कुमार, अध्यापक ब्रिजेश, अध्यापिका सुजाता, बीआरसी विक्रम सिंह, इंद्रजीत, राकेश कुमार व बिनोद सहित विद्यालय के बच्चे उपस्थित रहे।
पेंटिंग प्रतियोगिता में नितिन रहे प्रथम
पेंटिंग प्रतियोगिता में 50 बच्चों ने हिस्सा लिया। जिसमें जल संरक्षण विषय पर आयोजित इस प्रतियोगिता में 12वीं कक्षा के नितिन ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं 8वीं कक्षा के गुलशन ने द्वितीय व 7वीं कक्षा के यश ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।