महेंद्रगढ़। मध्यप्रदेश के एक परिवार की चार साल की बच्ची महेंद्रगढ़ रेलवे स्टेशन पर छूट गई। रोती हुई बच्ची को
रेलवे सुरक्षा बल के उप निरीक्षक गजानंद शर्मा की टीम ने परिवार तक पहुंचाया। आरपीएफ की टीम ने कनीना रेलवे स्टेशन पर उद्घोषणा कराई। लड़की के पिता को फोन कर वापस महेंद्रगढ़ बुलाकर लड़की को सौंपा। आरपीएफ के सब इंस्पेक्टर गजानंद शर्मा रविवार रात गाड़ियों की चेकिंग कर रहे थे। रेलवे स्टेशन प्लेटफार्म नं. 1 से सवारी गाड़ी संख्या 54547 समय 4:42 बजे प्रस्थान के बाद 4 वर्ष की लड़की रोते हुए मिली। रेलवे टीम ने बच्ची को टॉफी, बिस्कुट दिलाकर चुप करवाया। उपनिरीक्षक गजानंद शर्मा ने जब लड़की से पूछताछ की तो उसने बताया कि मेरे मम्मी पापा रेलागाड़ी में चले गए। लड़की ने अपना नाम अंजनी, मम्मी का नाम मुनिया और पापा का नाम दीना बताया। बच्ची अपना पूरा पता और मोबाइल नंबर नहीं बता पा रही थी। गजानंद शर्मा ने तुरंत अगले स्टेशन कनीना खास स्टेशन मास्टर को फोन करके गाड़ी के समय उद्धघोषणा करवाकर लड़की के परिजनों को पता लगाया। लड़की के पिता के मोबाइल नं पर संपर्क कर लड़की के बारे में सूचित किया। लड़की केे पिता को वापस रेलवे सुरक्षा बल चौकी महेंद्रगढ़ पर बुलाया। लड़की ने अपने पिता को पहचान लिया। 37 वर्षीय दीनदयाल उर्फ दीना ने बताया कि मध्यप्रदेश के टीकमगढ़ जिले के रहने वाला है। परिवार के साथ महेंद्रगढ़ में मजदूरी करता है। परिवार के साथ महेंद्रगढ़ से ट्रेन द्वारा अपने गांव जा रहे थे। गलती से बच्ची महेंद्रगढ़ स्टेशन पर छूट गई। बच्ची और पिता का आधार कार्ड देखने के बाद लड़की को उसके पिता के हवाले कर दिया।