संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। सावन के पहले सोमवार को शिवलिंग का अभिषेक करने के लिए शिवालयों में श्रद्धा का सैलाब उमड़ पड़ा। तड़के से ही मंदिरों में श्रद्धालु जुटने लगे। पूरा दिन मंदिरों में पूजा-अर्चना और शिवलिंग पर जलाभिषेक का दौर चलता रहा। शिव भक्तों और व्रत रखने वालों ने भगवान शिव को बेलपंत्र, भांग, धतूरा आदि अर्पित किए।
कांवड़ यात्रा पर निकले कांवड़ियों की सेवा के लिए लगे शिविरों में सुबह से शाम तक बोल-बम के जयकारे गूंजते रहे। दुख भंजन महादेव मंदिर, कालेश्वर महादेव मंदिर, स्थाण्वीश्वर महादेव मंदिर, आशुतोष महादेव मंदिर, सर्वेश्वर, पृथ्वेश्वर, पशुपतिनाथ, जयराम विद्यापीठ व सनातन धर्म मंदिर सहित जिले के सभी शिवालयों में लोगों ने शिव पूजन किया। सुबह से शाम तक हजारों श्रद्धालु मंदिर में पहुंचे। मंदिर की ओर से भी श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सभी पुख्ता प्रबंध किए गए।
श्री पंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी के महंत विश्वनाथ गिरी ने बताया कि अखाड़े के सचिव एवं अखाड़ा परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत रविंद्र पुरी के मार्गदर्शन में श्रद्धालुओं के ठहरने खाने-पीने का प्रबंध धाम परिसर में ही किया गया। उन्होंने बताया कि 11 अगस्त को श्रावण मास की समाप्ति होगी। मंदिर सेवादल के प्रबंधक भूषण गौतम ने बताया कि 26 जुलाई को आधी रात के बाद कावड़ियों द्वारा जल चढ़ाया जाएगा। इसी दिन श्रावण मास की त्रयोदशी शिवरात्रि का मेला भी आयोजित किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि 9 अगस्त को मंदिर की ओर से शोभायात्रा निकाली जाएगी। शोभायात्रा को सांसद नायब सैनी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। 10 अगस्त को सावन मास की समाप्ति का भंडारा होगा। इसके अलावा प्रतिदिन सुबह पांच से छह बजे तक भगवान महादेव का 11 हजार बेलपत्रों से अभिषेक किया जाएगा। 25 जुलाई को पांच जरूरतमंद परिवारों की कन्याओं का विवाह करवाया जाएगा।