कुरुक्षेत्र। महाराणा प्रताप पब्लिक स्कूल में रविवार को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने जीवन कौशल (बेसिक) विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की। इसमें करीब 60 शिक्षकों ने प्रशिक्षण लिया। विशेषज्ञों ने शिक्षकों को जीवन कौशल को शिक्षण प्रक्रिया का हिस्सा बनाने के व्यावहारिक तरीके बताए। करनाल से निखिल शर्मा और अक्षरा इंटरनेशनल स्कूल, पिहोवा के प्रधानाचार्य दुर्गेश शर्मा ने विशेषज्ञ के रूप में भाग लिया। कार्यशाला का शुभारंभ प्रधानाचार्या ज्योतिष्मा और विशेषज्ञों ने किया। सत्र में विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) द्वारा निर्धारित 10 मूल जीवन कौशलों पर चर्चा हुई। इनमें आत्म-जागरूकता, प्रभावी संवाद और तनाव प्रबंधन प्रमुख रहे। विशेषज्ञों ने व्यावहारिक गतिविधियों से समझाया कि इन कौशलों को दैनिक शिक्षण में कैसे शामिल करें। प्रधानाचार्या ज्योतिष्मा ने कहा कि विद्यार्थियों के लिए पुस्तकीय ज्ञान के साथ नैतिक मूल्यों और भावनात्मक मजबूती का विकास भी जरूरी है।