सफाई के दौरान सरस्वती नदी से जिंदा बम मिलने से शहर में हड़कंप मच गया। नदी से बम मिलने की सूचना शहर में आग की तरह फैल गई। बम करीब 10 किलो वजनी बताया जा रहा है। इसकी सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने बम को अपने कब्जे में लेकर उसे शहर से बाहर कुरुक्षेत्र रोड पर डंपिंग जोन के पास रखवा तथा इसकी सूचना उच्चाधिकारियों को दी। बताया जा रहा है पालिका के सफाई सरस्वती नदी की साफ-सफाई कर रहे थे।
इसी दौरान सफाई कर्मचारियों को मुलतानी कालोनी फौजी प्लाट के पास नदी से एक दस किलो वजनी मिसाइलनुमा वस्तु बरामद हुई, जिससे सफाई कर्मचारियों के होश उड़ गए तथा उन्होंने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना पाकर थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने उसे कुरुक्षेत्र रोड पर शहर से बाहर डंपिंग जोन में रखवा तथा उच्चाधिकारियों व बम निरोधक दस्ते को मामले की सूचना दी। खबर लिखे जाने तक बम निरोधक दस्ता बम को निष्क्रिय करने के लिए पहुंचा नहीं था।
बम फटने से हो सकती थी भारी तबाही
थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार ने बताया कि बम का वजन करीब 10 किलो हैं। फटने पर यह बम भारी तबाही मचा सकता था। बम को नष्ट कराने के लिए बम निरोधक दस्ते को अंबाला से बुलाया गया हैं। बम के मिलने से जहां पूरे शहर में दहशत फैल गई। यहां बता दे पिहोवा में 22 मार्च रविवार से विश्व प्रसिद्ध चैत्र चौदस मेला शुरू होना था, जिसे प्रशासन ने कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए पहले ही रद कर दिया था। इस मेले में करीब पांच लाख से अधिक श्रद्धालु देश के हर कोने से पहुंचते हैं। चैत्र चौदस मेले पर चौदस का स्नान बेहद ही महत्वपूर्ण होता हैं। ऐसे में पिहोवा मेला रद होने से एक बड़ा हादसा टल गया।
थाना प्रभारी देवेंद्र कुमार ने बताया कि सरस्वती नदी से मिला बम मिसाइलनुमा हैं। इसका अगला हिस्सा गोली की भांति ही नुकीला हैं। सफाई कर्मचारियों को यह बम नदी में गंदगी व कीचड़ से सना हुआ था जो करीब दस किलो वजनी हैं। फिलहाल पुलिस ने बम को कुरुक्षेत्र रोड पर शहर से दूर डंपिंग जोन क्षेत्र में रखवा दिया हैं। पुलिस के कर्मचारी उस क्षेत्र पर नजर रखें हुए हैं। बम को निष्क्रिय करने के लिए बम निरोधक दस्ते को सूचना भेजी गई हैं उनके आने के बाद ही बम को निष्क्रिय किया जाएगा। खबर लिखे जाने तक बम निरोधक दस्ता पहुंचा नहीं था।