इस्माईलाबाद। सीवरेज लाइन बिछाए जाने के दौरान शहर के बीच से गुजर रहे हाईवे को उखाड़ने पर करीब एक साल से शहर के अंदर से सरकारी व गैर सरकारी बस सेवाएं बंद है। बसें बाईपास पर ठसका मीरांजी पुल के नीचे ही रुकती है। यह शहर से करीब एक किलोमीटर दूर पड़ता है। हाईवे निर्माण कार्य में देरी होने के चलते करीब एक साल से लोगों व छात्रों को करीब एक किलोमीटर का सफर पैदल चलकर वाईपास से बस सेवा लेनी पड़ती है।
दुकानदारों व शहरवासियों की बार-बार मांग व प्रदर्शन के चलते आखिरकार शहर के बीच से गुजर रहे हाईवे का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। सड़क बनकर तैयार है, लेकिन इसके बाद भी बस सेवाएं शहर में शुरू नहीं हो पाई है। इससे लोगों में रोष है। दुकानदार सुभाष, परमजीत, पम्मा, अरुण, रजत आदि का कहना है कि पहले तो शहर वासियों व दुकानदारों ने सड़क बनवाने को लेकर संघर्ष किया है और अब जब सड़क बनकर तैयार है तो बस सेवा शुरू नहीं हो रही। बस सेवा शुरू होने पर ही बाजार में रौनक बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि दुकानदारों व शहर के लोगों को बस सेवा शुरू करने के लिए भी संघर्ष का रास्ता अपनाना पड़ेगा। जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन व सरकार की होगी। शहरवासियों ने प्रशासन व सरकार से मांग रखी है कि जल्द से जल्द शहर में बस सेवा पहले की तरह शुरू करवाई जाए ताकि लोगों को कोई दिक्कत न हो। वहीं रोडवेज महाप्रबंधक सुखदेव सिंह का कहना है कि प्रशासन द्वारा सड़क बनाए जाने को लेकर पत्र मिलते ही बस सेवा शुरू कर दी जाएगी। संवाद