कुरुक्षेत्र। ट्यूकर बॉर्डर पर वीरवार को खनोरी बॉर्डर पर शहीद हुए युवा किसान शुभकरण की याद में श्रद्धांजलि समागम का आयोजन किया गया। शुभकरण की आत्मिक शांति के लिए पंजाब के किसानों की ओर से गुरु ग्रंथ साहिब की हाजिरी में सुखमणि साहिब का पाठ किया गया। समागम में एक हजार से अधिक किसानों ने शुभकरण का श्रद्धांजलि अर्पित की। दोपहर को किसानों ने सतनाम वाहेगुरु का जाप किया। वहीं समागम को देखते हुए किसानों की ओर से किसी प्रकार की कोई नारेबाजी या प्रदर्शन नहीं किया गया। सुखमणि साहिब के पाठ के बाद दोपहर 12 बजे बॉर्डर पर कीर्तन किया गया। साथ पाठ का भोग डालकर लंगर की बरताया गया। देर शाम किसानों ने अपनी ड्यूटी के अनुसार ट्राली में डेरा डाल लिया।
भाकियू शादीपुर के प्रधान बूटा सिंह ने बताया कि सुबह 10 बजे टागरी गांव के धन्ना जट गुरुद्वारा साहिब से पालकी में गुरु ग्रंथ साहिब को बॉर्डर लाया गया। इस दौरान सभी किसान सतनाम वाहेगुरु का जाप कर रहे थे। इस समागम में आसपास के एक हजार से ज्यादा किसान और मजदूर शामिल हुए। सभी ने युवा किसान शुभकरण की आत्मिक शांति के लिए अरदास की। इस मौके पर गुरविंदर पन्नू, जगजीवन सिंह, जग्गा सिंह, हरपाल सिंह, अवतार सिंह, गुरदीप बुधमर सहित अन्य मौजूद रहे।
पंजाब की सीमाएं अभी भी सील
वहीं किसानों को दिल्ली कूच से रोकने के लिए प्रशासन की ओर से शंभू बॉर्डर की तर्ज पर किलेबंदी की गई थी, जो अभी भी जारी है। यहां से पंजाब की ओर आवाजाही पूरी तरह से बंद है। इस्माईलाबाद के कुम्हार माजरा बार्डर को भी अभी सील किया हुआ है। हालांकि यहां दो पहिया वाहनों को निकलने के लिए राहत दी हुई है, लेकिन पुलिस व अर्ध सैनिक बलों के जवान पूरी निगरानी के साथ तैनात है।