संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। शहर में कूड़े से संबंधित समस्या का अब समाधान होने जा रहा है। शहर 31 वार्डों की करीब 60 हजार इकाइयों से रोजाना जनरेट होने वाले करीब 80 टन कूड़े का डोर टू डोर कलेक्शन जल्द ही एक निजी एजेंसी करेगी। सरकार की हिदायतों के अनुसार कुरुक्षेत्र, कैथल और करनाल को लेकर एक कलस्टर बनाया गया है और करनाल में मुख्य डंपिंग स्थल होगा।
अर्बन लोकल बॉडीज हरियाणा के सब डिविजनल इंजीनियर तृतीय की तरफ नगर निगम करनाल के आयुक्त को एक जून को पत्र लिखकर फाइनल की गई एजेंसी की फाइनेंशियल बिड खोलने के आदेश दिए थे। इन आदेशों के बाद नगर निगम करनाल की तरफ से लगभग तमाम औपचारिकताएं पूरी कर ली गई है।
विधायक सुभाष सुधा ने वीरवार को देर सायं वार्ता में बताया कि कि कुरुक्षेत्र के शहरी क्षेत्रों को स्वच्छ बनाने के लिए विशेष योजना तैयार की है। इस योजना को लेकर मुख्यमंत्री मनोहर लाल से विस्तार से चर्चा की गई। चर्चा के बाद मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने नगर निकाय विभाग के अधिकारियों ने प्रदेश के अन्य कई शहरों की तर्ज पर योजना तैयार करने के आदेश दिए। विधायक ने कहा कि अब सरकार ने कुरुक्षेत्र के शहरी क्षेत्रों में घर-घर से कचरा एकत्रित करने के लिए योजना को प्रशासनिक अनुमति दे दी है।
कचरे का तौल के हिसाब से होगा भुगतान
जब सफाई का जिम्मा निजी एंजैसी को सौंप दिया जाएगा तो घर-घर से कचरा एकत्रित करने की जिम्मेवारी एंजैसी की होगी। इसके लिए सारे संसाधन एजेंसी के ही होंगे। अगर एजेंसी चाहेगी वह नगर परिषद के टिप्पर किराए पर ले सकेगी। एजेंसी को कचरे के तोल के हिसाब से नप द्वारा भुगतान किया जाएगा। इसलिए कंपनी ज्यादा से ज्यादा कचरा एकत्रित करने के लक्ष्य के हिसाब से कार्य करेगी।
कचरे का प्रबंधन करना कंपनी की जिम्मेदारी
विधायक ने कहा कि जब निजी कंपनी को टेंडर जारी कर दिया जाएगा तो कचरा एकत्रित करने से लेकर प्रबंधन करने तथा गीले और सूखे कचरे को अलग अलग करने का जिम्मा भी कंपनी का होगा। इससे नगर परिषद भी अपना पूरा फोकस शहर के विकास और सफाई व्यवस्था पर रख सकेगी।