कुरुक्षेत्र। अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से राजकीय उच्च विद्यालय कल्याणा में पुलिस की पाठशाला कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिला यातायात पुलिस के सड़क सुरक्षा शाखा प्रभारी शेर सिंह ने विद्यार्थियों को साइबर अपराध से बचाव, यातायात के नियम और दुर्गा शक्ति एप के प्रति जागरूक किया। उन्होंने विद्यार्थियों के साथ साइबर अपराधियों द्वारा धोखाधड़ी करने के लिए इस्तेमाल किए जा रहे पैंतरे की जानकारी भी साझा की, साथ ही बच्चों से सड़क सुरक्षा से संबंधित कई सवाल भी पूछे और बाद में विद्यार्थियों के जवाब को दुरुस्त भी कराया।
शाखा प्रभारी उपनिरीक्षक शेर सिंह ने बताया कि डिजिटल माध्यम से जुड़ा प्रत्येक व्यक्ति साइबर ठगों के निशाने पर है। साइबर ठग अलग-अलग तरीके से धोखाधड़ी को अंजाम दे रहे हैं। सिर्फ सतर्क रहकर ही इनसे बचा जा सकता है। छह महीने पहले ही हरियाणा पुलिस ने 700 से ज्यादा आरोपियों को साइबर धोखाधड़ी के आरोप में पकड़ा था। उन्होंने करीब 11 हजार करोड़ रुपये की ठगी साइबर के जरिए की थी। प्रत्येक साइबर ठग प्रतिदिन करीब 20 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी को अंजाम दे रहा है।
बताया कि ठग फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजकर, पेंशन स्कीम का लालच, फर्जी लोन एप, बिना ऑर्डर का पार्सल, कॉल फॉरवर्डिंग करके लोगों को अपना शिकार बनाते हैं। कई बार आरोपी उपभोक्ता के पास लिंक भेजकर उसका ई-मेल, व्हाट्सएप, फेसबुक आईडी को अपने नियंत्रण में लेकर धोखाधड़ी करते हैं। इसलिए अपनी निजी, बैंक संबंधी और मोबाइल पर आने वाले ओटीपी की जानकारी किसी के साथ भी साझा करने से बचना चाहिए। अगर साइबर धोखाधड़ी के शिकार हो जाए तो घबराने की बजाय नेशनल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें। इस मौके पर हरइकबाल सिंह, अनिल खन्ना, संदीप, यादवेंद्र सिंह, सिंदर पाल, मोहित कुमार, प्रवेश कुमार, गुरविंद्र कौर व सपना देवी सहित विद्यार्थी मौजूद रहे।
18 से 40 साल के युवा बन रहे शिकार
उपनिरीक्षक शेर सिंह ने बताया कि सड़क हादसों में हर साल पांच लाख लोग अपनी जान गवां देते हैं, जिसमें 70 फीसदी 18 से 40 साल के युवा शामिल है। जिला पुलिस सड़क हादसों को रोकने के लिए प्रयासरत है। उनके प्रयास से हादसों में कमी भी आई है। इसे और कम करने के लिए पुलिस के साथ सबको प्रयास करना होगा। यातायात नियमों का पालन चालान के डर से नहीं बल्कि अपनी और दूसरों की जान बचाने के लिए करना है। साथ ही उन्होंने छात्राओं के साथ दुर्गा शक्ति एप तथा उसे इस्तेमाल करने की जानकारी भी दी।
बच्चे घर जाकर अपने बड़ों को भी समझाएं
कार्यकारी प्रिंसिपल हरइकबाल सिंह ने बताया कि सड़क हादसा और साइबर धोखाधड़ी किसी के साथ भी हो सकती है। इसलिए यह जानकारी अपने परिजनों, रिश्तेदारों और दोस्तों के साथ साझा जरूर करें। इस जानकारी पर अमल करना भी जरूरी है, क्योंकि इससे पुलिस की भी मदद होगी साथ ही सड़क हादसों और साइबर धोखाधड़ी पर भी लगाम लगेगी।
कुरुक्षेत्र। शाहाबाद राजकीय उच्च विद्यालय कल्याणा में अमर उजाला फाउंडेशन की तरफ से आयोजित पुलिस