कुरुक्षेत्र। एलएनजेपी अस्पताल में पीने के पानी की किल्लत के चलते तीमारदारों का गुस्सा फूट पड़ा। गुस्साए तीमारदारों ने अस्पताल के सामने अल-सुबह ही पिपली-थर्ड गेट मार्ग पर जाम लगा दिया। इस दौरान उन्होंने शासन-प्रशासन के खिलाफ जोरदार रोष प्रदर्शन किया।
दरअसल, अस्पताल में पिछले तीन दिनों से मरीज और तीमारदार पीने का पानी की किल्लत से जूझ रहे थे। उनको बाहर से पानी की बोतल खरीद कर लाना पड़ा रहा था। इस कारण उनका गुस्सा भड़क गया। उन्होंने सुबह करीब चार बजे ही अस्पताल के सामने जाम लगाकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। जाम लगाने में उन मरीजों के परिजन शामिल रहे, जिन्हें पानी की किल्लत के कारण ऑपरेशन के लिए आगे की तिथि दी गई थी। वे ऑपरेशन की आस में अस्पताल में इंतजार करते रहे, मगर पानी की कमी के चलते उनको आगे की तिथि दी गई।
पीने का पानी उपलब्ध कराने के लिए उन्होंने कई बार अस्पताल प्रबंधन से गुहार लगाई, मगर प्रबंधन की ओर से कोई पुख्ता कदम नहीं उठाया गया। उनको बोर की मोटर खराब होने की बात कहकर टाल दिया गया। मरीज और तीमारदार तीन दिन तक अपने स्तर पर बाहर से पानी की बोतल खरीद कर गुजारा करते रहे, मगर पानी नहीं मिलने के बाद मरीजों को रेफर की बात पर लोग भड़क गए। तीमारदारों ने आरोप लगाया कि पानी न होने की वजह से सिजेरियन डिलीवरी के लिए भी प्रतीक्षा करने और आगे की तिथि दी जाने लगी। हालांकि गंभीर सिजेरियन के लिए कैंपर की व्यवस्था कर ऑपरेशन करने का दावा किया गया। उधर, पानी न होने की वजह से चिकित्सकों को पोस्टमार्टम करने के लिए समस्या सामना करना पड़ा। हालांकि अस्पताल प्रबंधन किसी ऑपरेशन के टलने की पुष्टि नहीं कर रहा है।
टैंकर की व्यवस्था कराई
जाम की सूचना राज्यमंत्री सुभाष सुधा तक पहुंची तो वे तुरंत प्रदर्शन कर रहे लोगों के बीच पहुंच गए। राज्यमंत्री ने उनकी समस्या का समाधान करते हुए दो टैंकर की व्यवस्था कर दी। इसके अलावा उन्होंने पानी की समस्या का स्थायी समाधान करते हुए नई मोटर लगाने का वादा किया, मगर दोपहर तक पुरानी मोटर की मरम्मत करके समस्या का समाधान कर दिया गया।