कुरुक्षेत्र। संघर्ष दिवस में शामिल होते लिपिक वर्ग के कर्मचारी। संवाद
कुरुक्षेत्र। क्लेरिकल एसोसिएशन वेलफेयर सोसाइटी के कर्मचारियों ने नए बस अड्डे के सामने भारतीय मजदूर संघ के बैनर तले संघर्ष दिवस मनाया गया, जिसमें लिपिक वर्ग ने काले कपड़े और काली पट्टी बांधकर संघर्ष प्रशासन के प्रति अपना रोष जताया। इसमें कार्य समीक्षा कमेटी की चल रही गतिविधियों और स्थगित किये गए आंदोलन के बारे में भविष्य की रणनीति के बारे में भी चर्चा की गई।
एसोसिएशन के जिला प्रधान रविंद्र ने बताया कि प्रदेश के लिपिक वर्ग की 42 दिन चली हड़ताल के बाद प्रदेश सरकार की ओर से लिपिक वर्ग के कार्यों की समीक्षा करने के लिए कार्य समीक्षा कमेटी का गठन किया गया था। कमेटी को सरकार के पास रिपोर्ट जमा करने के लिए तीन महीने का समय दिया गया था, जो कि 23 नवंबर को पूरा हो चुका है, लेकिन तीन महीने बीत जाने के बाद भी अभी तक कमेटी की रिपोर्ट तैयार नहीं हुई है और कमेटी द्वारा रिपोर्ट जमा करने में हो रहे विलंब के करना लिपिक वर्ग में रोष फिर से बढ़ने लगा है। उन्होंने बताया कि 15 अगस्त को हड़ताल को स्थगित किया गया था तब ये निर्णय लिया गया था कि जब तक सरकार लिपिक वर्ग की कार्य समीक्षा करके उनका वेतनमान 19900 से बढा़कर 35400 नहीं करेगी तब तक हर महीने की पांच तारीख को संघर्ष दिवस के रूप में मनाया जाएगा और सरकार के प्रति रोष प्रकट किया जाएगा।