कुरुक्षेत्र। वर्क वीजा पर यूरोप भेजने के नाम पर साढ़े आठ लाख रुपये की धोखाधड़ी करने के आरोप में पुलिस ने एक महिला सहित तीन के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोपियों ने शिकायतकर्ता को यूरोप की जगह टूरिस्ट वीजा पर आर्मेनिया भेज दिया। वहां उसे शिकायतकर्ता पर डेढ़ लाख रुपये का जुर्माना लगाकर डिपोर्ट कर दिया।
थाना केयूके में दर्ज शिकायत में अंकुश निवासी फतुहपुर कॉलोनी ने बताया कि आरोपी दीप उर्फ हनी, सिकंदर फौजी और गुरमन प्रीत कौर निवासी खन्ना जिला लुधियाना पंजाब ने उसे आठ लाख रुपये में वर्क वीजा पर यूरोप भेजने का आश्वासन दिया था। बात तय होने पर आरोपियों ने उससे एक लाख रुपये एडवांस मांगे थे। उसने नौ अगस्त को आरोपी महिला के खाते में एक लाख रुपये गूगल-पे किए थे। उसके बाद उसके पिता ने दो भैंस बेचकर दो लाख, उसकी मां के अकाउंट से साढ़े तीन लाख और जेवर गिरवी रखकर एक लाख रुपये एकत्र किए थे। 22 अगस्त को उसने यह साढ़े छह लाख रुपये अपने पासपोर्ट व अन्य दस्तावेज के साथ नकद दिए थे।
आरोपियों ने जल्द उसे यूरोप भेजने का आश्वासन दिया। चार दिन बाद 25 अगस्त को आरोपियों ने उसे दिल्ली से दुबई तथा दुबई से आर्मेनिया भेज दिया। आरोपियों उसे टूरिस्ट वीजा पर आर्मेनिया भेजा था, जहां अक्तूबर में उसका वीजा खत्म होने के बाद इस देश की एंबेसी ने उस पर डेढ़ लाख रुपये का जुर्माना वसूल कर डिपोर्ट कर दिया। उसके पास वापस आने के पैसे भी नहीं थे। उसके पिता ने उसकी 49,451 रुपये की टिकट कराकर वापस घर बुलाया। आरोपियों ने उसके साथ 8,49, 451 रुपये की धोखाधड़ी कर ली। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।