पत्रकारिता लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है। पत्रकारिता के माध्यम से समाज को हर क्षण देश-दुनिया भर में घटने वाली हर घटना की जानकारी उपलब्ध होती रहती है। ऐसे में सरकार की ओर से चैनल पर एक दिन का बैन लगाना अनुचित है। ये संविधान के अनुच्छेद 19(1)ए के खिलाफ है। ये बातें इनसो के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष जसविंद्र खैरा ने केयू परिसर में दिए एक बयान में कहीं। उन्होंने कहा कि मीडिया पर किए गए इस प्रकार के बैन से लगता है देश में आपात काल जैसे हालात हो गए हैं। देश में अघोषित आपात काल लग गया है। प्रेस की स्वतंत्रता पर पाबंदी लगाना असंवैधानिक है। इनसो इसका विरोध करती है। मीडिया द्वारा जिस प्रकार सामाजिक, राजनीतिक, आर्थिक तथा धार्मिक समाचारों का प्रसारण एवं प्रकाशन किया जाता है, उससे न केवल देशवासियों को देश-विदेश में घटित होने वाली घटनाओं की जानकारी मिलती है बल्कि जागरूकता भी आती है। उन्होंने कहा कि सरकार को मीडिया पर किसी तरह की कठोरतापूर्वक कार्रवाई नहीं करनी चाहिए।