दो साल पहले गांव में नाबालिग लड़की को अगवा करके सामूहिक दुष्कर्म के मामले में चारों आरोपियों ने हाईकोर्ट में जमानत याचिका दायर की। हाईकोर्ट ने चारों आरोपियों की जमानत खारिज कर दी है। अधिवक्ता सचिन राय वैद ने बताया कि आरोपितों ने 13 वर्षीय किशोरी से दुष्कर्म कर उसे चार महीने तक जबरन वेश्यावृत्ति में धकेले रखा और उसे नशे के इंजेक्शन देकर उसके साथ दुष्कर्म किया गया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने आरोपियों की जमानत याचिका को खारिज किया है। मामले में अगली सुनवाई के लिए 19 जनवरी 2022 की तारीख तय की है। यहां बता दें सदर थाना पुलिस के अंतर्गत एक गांव में किसान के पास काम करने वाले व्यक्ति ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी 13 वर्षीय बेटी 27 जनवरी को घर से अपनी नानी से मिलने के लिए निकली थी, लेकिन वह न तो दादी के घर पहुंची और न ही घर वापस आई। कई महीने बाद पुलिस ने नाबालिग को वेश्यावृति में धकेलने के आरोपित महिला व पुरुष को गिरफ्तार किया था। इस मामले को लेकर कई बार पंचायत हुई। बाद में पुलिस ने नौ आरोपितों को गिरफ्तार किया था। चार आरोपत रेशम सिंह, अशोक कुमार, रवि प्रकाश और सुरिंद्र सिंह पिछले छह माह से जेल में बंद हैं।