कुरुक्षेत्र। कोरोना का कहर फिर से लगातार बढ़ने लगा है। एक और महिला की मौत इसी के चलते हो गई जबकि वीरवार को 30 नए मरीज मिले हैं। पिछले सप्ताह ही कोरोना पीड़ित एक महिला की मौत हुई थी। कोरोना के बढ़ते असर को देख स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मचा है तो वहीं गाइडलाइन के पालन को लेकर सख्ती बरते जाने की हिदायत भी दी जाने लगी है।
जिला में अब तक सात लाख 63 हजार 93 लोगों की कोविड रिपोर्ट निगेटिव आ चुकी है। कुरुक्षेत्र में अब तक 27,475 कोविड मरीज ठीक होकर घर जा चुके हैं और कुरुक्षेत्र में अब कोविड पॉजिटिव 49 मरीज एक्टिव हैं। अभी तक लिए गए 7,92,189 में से 7,63,093 सैंपलों की रिपोर्ट निगेटिव आ चुकी है। इस प्रकार जिले में अलग-अलग स्थानों से कुल 383 कोविड के सैंपल लिए गए है जिसमें आरटी पीसीआर के 319 और रैपिड टेस्ट के 64 सैंपल शामिल है।
सीएमओ डॉ. सुखबीर सिंह ने कहा कि वीरवार को 30 व्यक्तियों की रिपोर्ट कोविड पॉजिटिव आई है और रिकवर होने पर चार मरीज को डिस्चार्ज किया गया है। जिले में पॉजिटिव केसों की रिकवरी रेट 98.36 पर है और सैंपल पॉजिटिव रेट 3.53 पर है। जिले में कोरोना पॉजिटिव 45 लोगों को होम आइसोलेशन में रखा गया है और चार मरीज को अस्पताल में दाखिल करवाया गया है। अब जिले में कोरोना के सक्रिय केसों की संख्या 49 है। अब तक 27,934 पॉजिटिव केस सामने आ चुके हैं और अब तक 27,475 मरीज ठीक होकर घर जा चुके हैं तथा अब तक कोरोना पॉजिटिव 410 मरीजों की मृत्यु हो चुकी है।
अंबाला के मिलिट्री अस्पताल में उपचाराधीन थी महिला
उप सिविल सर्जन डॉ. जगमहेंद्र मलिक के मुताबिक मूल रूप से एक गांव की रहने वाली 45 वर्षीय महिला फिलहाल अपने परिवार के साथ शहर में ही कॉलोनी में रह रही थी। वह कोरोना पीड़ित होने के साथ-साथ अन्य बीमारी से भी ग्रस्त थी और मिलिट्री अस्पताल अंबाला में उपचाराधीन थी। इससे पहले पिछले सप्ताह ही शाहाबाद की रहने वाली 66 वर्षीय महिला की मौत भी कोरोना पीड़ित होने के चलते हुई थी। हालांकि वह भी अन्य बीमारी से भी ग्रस्त थी।
बरती जा रही लापरवाही
कोरोना के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। मार्च माह से अब तक दो मौत हो चुकी है तो वहीं 60 से ज्यादा मरीज सामने आ चुके हैं। इसके बावजूद भी हर जगह पर लापरवाही देखने को मिल रही है। यहां तक कि सिविल अस्पताल में ही दवा लेने, पंजीकरण कराने के दौरान ही न दो गज की दूरी का ख्याल रखा जा रहा और न ही अधिकतर मरीज व तीमारदार मास्क पहने होते हैं। अन्य कार्यालयों में भी ऐसी ही स्थिति है।